वेबसाइट में खोजें

Thursday, November 30, 2017

फर्जी अंक पत्र के आरोपित अध्यापकों को कोर्ट से राहत, बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा 2004-05 उत्तीर्ण अध्यापकों को मिली थी नोटिस, हाईकोर्ट ने दिया यथास्थिति बहाल रखने का निर्देश


इलाहाबाद : हाईकोर्ट ने बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा 2004-05 में धांधली के आरोप में सहायक अध्यापकों को दी गई नोटिस पर यथास्थिति बहाल रखने का आदेश दिया है। कोर्ट ने ऐसे सहायक अध्यापकों को वेतन भुगतान करने के लिए भी कहा है जिनका वेतन नोटिस देने के बाद रोक दिया गया था। यह आदेश न्यायमूर्ति सुनीत कुमार ने दिया है।

प्रवेश परीक्षा में धांधली की जांच एसआइटी ने की थी। जिसमें 4570 अंक पत्र और प्रमाण पत्र फर्जी पाए गए थे। एसआइटी की रिपोर्ट पर सचिव बेसिक शिक्षा परिषद ने सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों को अपने जिलों में नौकरी कर रहे ऐसे अध्यापकों को नोटिस जारी करने का निर्देश दिया था जिनका नाम इन 4570 अभ्यर्थियों की सूची में शामिल है। कन्नौज, फीरोजाबाद से हेमंत कुमार और अन्य ने याचिका दाखिल कर नोटिस को चुनौती दी। याची के अधिवक्ता का कहना है कि अपर पुलिस महानिदेशक विशेष अनुसंधान के दल ने इस मामले की जांच रिपोर्ट सचिव बेसिक शिक्षा को सौंपी है जबकि डिग्री और प्रमाण पत्र डा. बी आर अंबेडकर विश्वविद्यालय की ओर से जारी किया गया है। संयुक्त प्रवेश परीक्षा का आयोजन भी इसी विश्वविद्यालय ने किया था। विश्वविद्यालय ने अभी तक किसी भी अंक पत्र या प्रमाण पत्र को न तो फर्जी घोषित किया है और न ही रद किया है। बेसिक शिक्षा अधिकारी ने याचीगण को नोटिस जारी कर कहा कि चूंकि उन्होंने फर्जी अंक पत्र और प्रमाण पत्र लगाकर नौकरी प्राप्त की है इसलिए उनकी नियुक्ति अवैध है। याचीगण को अपना पक्ष रखने का भी अवसर नहीं दिया गया। डा. बीआर अंबेडकर विश्वविद्यालय के अधिवक्ता का कहना था कि विश्वविद्यालय ने कोई भी डिग्री अमान्य नहीं की है। एसआइटी सभी रिकार्ड सील कर अपने साथ ले गई है।


फर्जी अंक पत्र के आरोपित अध्यापकों को कोर्ट से राहत, बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा 2004-05 उत्तीर्ण अध्यापकों को मिली थी नोटिस, हाईकोर्ट ने दिया यथास्थिति बहाल रखने का निर्देश Rating: 4.5 Diposkan Oleh: amit gangwar

0 comments:

Post a Comment

Ayurved Health Tips | Healthy Tips | Health Care | Ayurveda Remedies | Weight Loss| Desi Nuskhe

RELATED POSTS