बड़ी कार्यवाही: 20 परिषदीय स्कूलों में कार्यरत सभी स्टाफ के वेतन पर रोक, जानिए आख़िरकार क्यों हुआ ऐसा?

 (अमेठी)। मिशन प्रेरणा के तहत परिषदीय स्कूलों में शैक्षिक गुणवत्ता बढ़ाने के लिए अफसरों की टीम ने 20 परिषदीय स्कूलों का औचक निरीक्षण किया।


निरीक्षण के दौरान 17 स्कूल बंद मिले तो तीन स्कूलों में कार्यरत शिक्षक बिना अधिकृत सूचना अनुपस्थित मिले। निरीक्षण आख्या मिलने के बाद गुरुवार को बीएसए ने सभी के एक दिन के वेतन पर रोक लगाते हुए सात दिन में जवाब देने का निर्देश दिया है।

परिषदीय स्कूलों में कार्यरत शिक्षकों की मनमानी पर अंकुश लगाने के साथ शैक्षिक गुणवत्ता बढ़ाने के लिए डीएम अरुण कुमार के निर्देश पर जिला स्तरीय टीम ने चार मार्च को स्कूलों का निरीक्षण किया।

निरीक्षण के दौरान प्रेरणा पोर्टल के डैश बोर्ड पर अवस्थापना की जानकारी के साथ अफसरों ने 17 स्कूल में कार्यरत समस्त स्टाफ व तीन अन्य स्कूलों में कार्यरत प्रधानाध्यापक व शिक्षकों के अनुपस्थित मिलने की रिपोर्ट दी।
रिपोर्ट मिलने के बाद बीएसए विनोद कुमार मिश्र ने गुरुवार को प्राथमिक स्कूल हेरुआ, सुरुवावां, करनाईपुर, कन्नू पूरे गणेशा, पूरे तिवारी, आदिलपुर, दुर्गापुर, सरैया बड़गांव, अमेयमाफी, ताला प्रथम, दीनापुर, कुरंग, नौगिरवां, शुकुलपुर, छिटेपुर प्रथम, माता प्रसाद गौरीशंकर चिनगाही व पूरे पठान में कार्यरत समस्य शैक्षणिक स्टाफ तो प्राथमिक स्कूल गनीपुर व बगलवा में तैनात प्रधानाध्यापक के एक दिन के वेतन पर रोक लगा दी है।
बीएसए ने सभी को सात दिन में समुचित जवाब देने का निर्देश देते हुए जवाब से संतुष्ट न होने पर विभागीय कार्रवाई की चेतावनी दी है।