गूगल शीट पर डाटा होगा अपलोड:- फर्जी शिक्षकों के मामले में शासन ने दिया निर्देश, बीएसए ने बीईओ को दी जिम्मेदारी


गोरखपुर: बेसिक शिक्षा परिषद की ओर से संचालित परिषदीय विद्यालयों में कार्यरत फर्जी शिक्षकों, शिक्षामित्रों व अनुदेशकों का डाटा गूगल शीट पर मुहैया न कराना अब खंड शिक्षा अधिकारियों को भारी पड़ने वाला है। कई बार निर्देशित किए जाने के बाद जानकारी न देने वाले अधिकारियों पर अब बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से कार्रवाई की जाएगी। इसको लेकर बीएसए ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को जल्द से जल्द जानकारी गूगल शीट पर अपलोड कराने का निर्देश दिया है।



पिछले दो वर्षों में कूटरचित दस्तावेजों के सहारे परिषदीय स्कूलों में दशकों से कार्यरत 79 फर्जी शिक्षकों को बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से बर्खास्त किया जा चुका है। वहीं 70 से अधिक शिक्षकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। 18 शिक्षक निलंबित किए गए है। शासन की ओर से बार बार फर्जी या संदिग्ध शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई को लेकर जिला मुख्यालयों से रिपोर्ट तलब की जा रही है। मगर अधिकारियों की उदासीनता के चलते रिपोर्ट शासन को नहीं मिल पा रही
है। इसे लेकर शासन ने सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों से गूगल सीट पर अपने अपने जिलों में हुई कार्रवाई की रिपोर्ट मांगी जा रही है।


गूगल शीट पर डाटा पूर्ण कराए जाने के लिए बीएसए ने चार नोडल अधिकारी नामित किए हैं। जिन्हें अलग-अलग क्लाकों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। नोडल अधिकारियों में खंड शिक्षाधिकारी हरगोविंद सिंह, जिला समन्वयक विवेक जायसवाल, दीपक पटेल व अमरेंद्र मणि त्रिपाठी शामिल हैं।


जिले में कार्यरत संदिग्ध या फर्जी शिक्षकों, शिक्षामित्रों, अनुदेशकों का डाटा गूगल शीट पर शासन स्तर से मुहैया कराने का निर्देश मिला है। इसे लेकर सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देशित कर दिया गया है। मैं खुद इसकी निगरानी करूंगा। जल्द से जल्द शासन की रिपोर्ट प्रेषित की जाएगी।

भूपेंद्र नारायण सिंह जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी