आयकर रिटर्न भरने की तिथियां बढ़ाए सरकार


प्रयागराज : कोविड-19 के मद्देनजर सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस (सीबीडीटी) ने शनिवार को आयकर विभाग से संबंधित समयबद्ध (टाइमबारिंग) मामलों की तिथि 30 अप्रैल से बढ़ाकर 30 जून कर दिया। लेकिन, टीडीएस और जीएसटी रिटर्न भरने से संबंधित तिथियां बढ़ाने के मसले पर कोई फैसला नहीं लिया गया। इससे प्रोफेशनल और व्यापारियों में आक्रोश है।


विवाद से विश्वास योजना 2020 में बिना अतिरिक्त धनराशि दिए कर, ब्याज और अर्थदंड भुगतान की अंतिम तिथि 30 अप्रैल से बढ़ाकर 30 जून कर दी गई पुनर्कर निर्धारण के लिए नोटिस अब आयकर विभाग 30 जून तक भेज सकेगा। पहले इसकी समय सीमा 31 मार्च को समाप्त होती थी, जिसे बढ़ाकर 30 अप्रैल कर दिया गया था। कर चोरी के मामले में यह कार्रवाई होती है। प्रयागराज सीए एसोसिएशन के सचिव गौरव अग्रवाल का कहना है कि सरकार ने प्रोफेशनल और व्यापारियों को कोई सहूलियत नहीं दी विवाद से विश्वास स्कीम में जो पैसा लोगों को 30 तक जमा करना था, सिर्फ उसे बढ़ाकर 30 जून किया गया। सरकार को जहां से राजस्व आना है उस मसले पर निर्णय लिया गया। व्यापारियों की मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया। कोविड सिर्फ सरकार के लिए है। प्रोफेशनल और व्यापारियों के लिए नहीं न टीडीएस और न ही रिटर्न भरने की तिथियां बढ़ाई गईं। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार कल्याण समिति के संयोजक संतोष पनामा का कहना है कि आयकर से संबंधित टाइमबारिंग मामलों की तिथियां बढ़ाई गई हैं।

व्यापारियों की कोई मांग सरकार ने नहीं सुनी। हालांकि, कर एवं वित्त सलाहकार डा. पवन जायसवाल का कहना है कि विवाद से विश्वास योजना की तिथि बढ़ने से करदाताओं को राहत होगी। करचोरी के मामले में फिर से नोटिस जारी हो सकेगी।