सीआईएससीई ने कक्षा 10 और 12 के सिलेबस में की कटौती, यूपी बोर्ड भी करेगा कटौती

काउंसिल फॉर दी इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशंस (सीआईएससीई ) ने सत्र 2021-22 के लिए सिलेबस में कटौती कर दी है। छात्र हित को देखते हुए विषयों के सिलेबस में करीब 30 प्रतिशत तक की कटौती की गई है। परिषद ने सभी स्कूलों को इसका सर्कुलर भी जारी कर दिया है। जल्द ही सभी विषयों का अपडेट सिलेबस वेबसाइट पर भी अपलोड कर दिया जाएगा। ताकि शिक्षकों के साथ छात्र भी अच्छी तरह से समझ सकें। वर्ष 2022 की बोर्ड परीक्षा इसी सिलेबस के अनुसार होगी।



परिषद ने कक्षा 10 और 12 के सिलेबस में कटौती की है। सभी मुख्य विषयों के साथ इंडियन लैंग्वेज के भी सभी विषयों में कटौती की गई है। परिषद जल्द ही सभी विषयों का अपडेट सिलेबस वेबसाइट पर अपलोड कर देगा। स्कूलों को इसकी सूचना प्रेषित कर दी गई है। सिलेबस में पेपर स्कीम के साथ पूरा ब्योरा दिया गया है। सिलेबस के किसी भाग से कौन से प्रश्न पूछे जाएंगे, कितने अंकों के पूछे जाएंगे उनमें कौन-कौन से पाठ व टॉपिक शामिल है, उसका पूरा ब्योरा दिया गया है। 20 अंकों के प्रोजेक्ट वर्क में लिसेबस का कितना भाग शामिल किया गया है इसकी भी जानकारी उपलब्ध है। बोर्ड परीक्षा में प्रस्तुत होने वाले पेपर में जितने प्रश्न पूछे जाएंगे मार्क स्कीम के साथ बताया गया है। सेंट जोसेफ स्कूल के एमडी अनिल अग्रवाल ने बताया कि परिषद की तरफ से सिलेबस में जो कटौती की गई है उसकी जानकारी मिल गई है। कक्षा 10 और 12 के विषयों के सिलेबस में कटौती की गई है।


यूपी बोर्ड अंग्रेजी विषय के सिलेबस में करेगा कटौती
उधर यूपी बोर्ड कक्षा 10 और 12 के अंग्रेजी विषय के सिलेबस में 30 प्रतिशत तक की कटौती करेगा। इस वर्ष से इन दोनों कक्षाओं में एनसीईआरटी का सिलेबस और किताबें लागू हुई हैं। ऐसे में इस वर्ष से सिलेबस के साथ किताबें भी बदल गई हैं। गत वर्ष कोरोना के चलते यूपी बोर्ड ने पाठ्यक्रम में तीस प्रतिशत तक की कटौती की थी। वह कटौती इस बार भी जारी रहेगी लेकिन क्योंकि अंग्रेजी विषय में नया सिलेबस लागू किया गया है इसलिए इसमें कटौती की जा रही है। शिक्षकों ने बताया कि कटौती का प्रस्ताव शासन के पास है, मंजूर होते हुए अपडेट सिलेबस जारी कर दिया जाएगा। जीजीआईसी सरोसा भरोसा इंटर कॉलेज की वरिष्ठ प्रवक्ता वंदना तिवारी ने बताया कि वर्तमान सत्र से कक्षा 10 और 12 में अंग्रेजी में एनसीईआरटी की किताबें लागू की गई हैं। बच्चों को मुख्य टॉपिक पढ़ाया जा रहा है। शासन की तरफ से अपडेट सिलेबस आने का इंतजार है।