विधानसभा चुनाव में संविदा कर्मियों की ड्यूटी लगाए जाने पर जताया एतराज , चुनाव आयोग को लिखा पत्र


लखनऊ। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष जे एन तिवारी ने आज भारत चुनाव आयोग को एक पत्र लिखकर उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव में शिक्षा मित्रों, महिला शिक्षा मित्रों, रोजगार सहायकों, अनुदेशकों आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों एवं उनके समकक्ष कर्मचारियों की चुनाव ड्यूटी लगाए जाने के निर्देश पर एतराज जाहिर किया है। उन्होंने कहा है कि उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने भारत निर्वाचन आयोग को पत्र लिखकर शिक्षा मित्रों महिला शिक्षा मित्रों, रोजगार सहायको, अनुदेशकों,

आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों एवं उनके समकक्ष कार्मिको को मतदान कार्मिक के रूप में ड्यूटी लगाने की अनुमति मांगी थी। इस पर भारत निर्वाचन आयोग ने कतिपय शर्तो
के साथ अपनी सहमति व्यक्त कर दी है। हालांकि भारत सरकार ने ऐसे कार्मिकों की ड्यूटी उसी दशा में लगाने की बात कही है जब यह सुनिश्चित हो जाय कि नियमित सरकारी कार्मिकों को पूर्णता यूटिलाइज कर लिया गया है। इन कार्मिकों को आरक्षित पूल में भी रखने के निर्देश भारत सरकार ने दिए हैं। लेकिन प्रश्न यह है कि विधानसभा सामान्य निर्वाचन एक महत्वपूर्ण संवैधानिक प्रक्रिया है, जिसमें आज तक नियमित सरकारी कर्मचारियों निकायों के कर्मचारियों शिक्षकों, जिला परिषदों के कर्मचारियों से चुनाव कराए जाते रहे हैं। इस बार के चुनाव में मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तर प्रदेश शिक्षामित्रों, महिला शिक्षा मित्रों, रोजगार सहायको अनुदेशकों एवं आंगनबाड़ी कार्मिकों व अन्य समकक्ष को भी मतदान में शामिल करना चाहते हैं जबकि यह सभी कर्मी मानदेय पर कार्य करने वाले कर्मचारी हैं। इनमे से कुछ संविदा पर कार्यरत है तथा कुछ कार्मिकों को सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में जाना जाता है। संविदा पर काम करने वाले कर्मचारियों या सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में कार्य करने वाले कर्मचारियों को चुनाव ड्यूटी में लगाने का कोई औचित्य नहीं है। इनका कोई उत्तरदायित्व भी नहीं बनता है। यह कर्मचारी सामान्यतः ज्यादा पढ़े लिखे भी नहीं होते हैं जिसके कारण चुनाव की जटिलताएं समझना इनके लिए आसान नहीं है। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद की महामंत्री मुख्यालय रेनू मिश्रा ने चिकित्सा स्वास्थ्य एवम् खाद्य रसद विभाग के कर्मचारियों को चुनाव ड्यूटी से अलग रखने की मांग किया है। उन्होंने कहा है कि चिकित्सा विभाग के सभी कर्मचारी कोवीड नियंत्रण एवं टीकाकरण में लगे हुए हैं।