50 फीसदी बढ़ा संविदा अध्यापकों का मानदेय


वाराणसी, महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में वर्षों से सेवाएं दे रहे संविदा शिक्षकों के लिए अच्छी खबर है। कार्यपरिषद ने संविदा शिक्षकों के मानदेय म्में 40 से 50 फीसदी तक वृद्धि के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी। सोमवार को कार्य परिषद की आपात बैठक बुलाई गई थी।





कुलपति की अध्यक्षता में हुई बैठक में 13 मार्च 2020 के शासनादेश के क्रम में स्ववित्तपोषित पाठ्यक्रमों में संविदा पर कार्यरत शिक्षकों की नई वेतन संरचना को मंजूरी दी गई। अब ऐसे संविदा शिक्षकों को असिस्टेंट प्रोफेसर संविदा कहा जाएगा। उनका मानदेय 57,700 रुपये तय किया गया है। यह निर्णय पहली अप्रैल 2023 से प्रभावी होगा। एक अन्य निर्णय में विद्यापीठ की तरफ से राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले खिलाड़ियों की इनामी राशि में भी इजाफा किया गया। प्रथम पुरस्कार जीतने वाले खिलाड़ी को 51 हजार, द्वितीय को 41 हजार और तृतीय पुरस्कार जीतने वाले को 31 हजार रुपये मिलेंगे। इसके अलावा टीम गेम में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी को 21 हजार रुपये इनाम दिया जाएगा। कार्यपरिषद ने वित्त समिति की 23 जनवरी 2023 को हुई बैठक में लिए गए निर्णय का अनुमोदन किया। पुनरीक्षित आय-व्यय 2022-23 एवं अनुमानित आय-व्यय 2023-24 के अलावा 2021-22 की बैलेंस शीट का भी अनुमोदन किया गया। बैठक में कुलसचिव हरीश चंद्र, वित्त अधिकारी संतोष कुमार शर्मा, कुलाधिपति द्वारा नामित सदस्य प्रो. पीएन सिंह, प्रो.पीके दीक्षित व अन्य सदस्य रहे।

● असिस्टेंट प्रोफेसर संविदा होगा पद का नाम, 57. 7 हजार मानदेय ●

● खिलाड़ियों को दी जानेवाली इनामी राशि में किया गया इजाफा●