22 March 2026

यूपी-टीईटी के आवेदन से डीएलएड प्रशिक्षु बाहर

 यूपी-टीईटी के आवेदन से तीन लाख डीएलएड प्रशिक्षु बाहर

प्रयागराज। चार साल बाद होने जा रही उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपी टीईटी) 2026 से लगभग तीन लाख डीएलएड प्रशिक्षुओं को बाहर कर दिया गया है। सुप्रीम कोर्ट के 16 जुलाई 2019 के आदेश पर राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (एनसीटीई) की ओर से चार अगस्त 2022 को जारी पत्र में साफ किया गया है कि किसी भी शिक्षक प्रशिक्षक पाठ्यक्रम (डीएलएड, बीएड या डीएड आदि) में प्रवेशलेने वाला अभ्यर्थीटीईटी में शामिल होनेकेलिए पात्र है। इसी के साथएनसीटीई ने अपनी 11 फरवरी 2011 की अधिसूचना को भी संशोधित कर दिया था।



इस लिहाज से डीएलएड, बीएड या डीएड आदि शिक्षक प्रशिक्षण पाठ्यक्रम के प्रथम से लेकर चतुर्थ सेमेस्टर तक के प्रशिक्षु भी यूपी-टीईटी में आवेदन के लिए

पात्र हैं। हालांकि उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोगकी ओर से शुक्रवार को जारी यूपी-टीईटी 2026 के विज्ञापन में प्राथमिक स्तर की टीईटी के लिए एनसीटीई से मान्यता प्राप्त एवं उत्तर प्रदेश शासन से संबद्ध संस्था से दो वर्षीय डीएलएड (बीटीसी) पाठ्यक्रम के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले या उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को ही आवेदन के लिए अर्ह माना है।


इसी प्रकार एनसीटीई से मान्यता प्राप्त दोवर्षीयडीएडया भारतीय पुनर्वास परिषद (आरसीआई) से मान्यता प्राप्त संस्था से शिक्षा शास्त्र में दो वर्षीय डीएड (विशेष शिक्षा) के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले


अथवा उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को आवेदन के लिए योग्य माना गया है। उच्च प्राथमिक स्तर की टीईटी के लिए भी डीएलएड (बीटीसी), डीएड, डीएड (विशेष शिक्षा) के साथ ही बीएड और समकक्ष पाठ्यक्रमों के अंतिम वर्ष में शामिल हो रहे या उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को ही आवेदन की अनुमतिदी गई है। डीएलएड के प्रथम और द्वितीय सेमेस्टर में प्रशिक्षणरत तीन लाख अभ्यर्थी आवेदन नहीं कर पाएंगे। बीएड,


डीएडयादूसरे समकक्षपाठ्यक्रमों के प्रथम और द्वितीय सेमेस्टर के अभ्यर्थियों को शामिलकर लें तो यह संख्या और अधिक

हो जाएगी.