फर्जी आईएएस बनकर 25 शादियां करने वाला आरोपी प्रीतम निषाद केवल हाईस्कूल पास है। यह खुलासा प्रीतम के जीजा भानु निषाद ने किया है। भानु निषाद के घर को ही अपना बता प्रीतम ने गोरखपुर की लड़की से शादी की थी। गांव में रह रहे परिजन और रिश्तेदारों के बयानों से कई अन्य चौंकाने वाले तथ्य भी सामने आए हैं। बता दें कि मामला दर्ज होने के बाद से ही फर्जी आईएएस प्रीतम फरार है और पुलिस उसकी तलाश कर रही है।
जानकारी के अनुसार भानु निषाद फर्जी आईएएस प्रीतम की बहन के जेठ हैं। प्रीतम उन्हें भी अपना जीजा ही बताता है। भानु निषाद ने मीडिया कर्मियों से बात करते हुए बताया कि प्रीतम की पढ़ाई सिर्फ हाई स्कूल तक की ही है। न ही वह आगे पढ़ा और न ही उसने कभी आईएएस की तैयारी की। उसने सिर्फ फर्जी तरीके से रौब दिखाकर गोरखपुर के लोगों को गुमराह किया और शादी कर ली। 11 मार्च को शादी हुई और शादी के दूसरे दिन जब वह पत्नी को लेकर यहां आया, तभी पीछे-पीछे गोरखपुर से लड़की के परिजन भी आ पहुंचे। सच्चाई पता चलने पर लड़की के परिजनों ने हंगामा काटा। मारपीट और झगड़े के बाद वे अपनी बेटी को वापस ले गए। प्रीतम पहले भी कई शादी कर चुका है। उसकी पहली शादी औरैया के दौलतपुर गांव से हुई थी। अभी तक उसका तलाक भी नहीं हुआ है।
जीजा ने बताया कि कुछ समय तक वह इटावा में रहा और लोगों से कहता था कि वह नौकरी करता है, लेकिन बाद में यहां से चला गया और गोरखपुर में खुद को आईएएस बताकर दूसरी शादी कर ली। उधर प्रीतम की चचेरी बहन रश्मि ने बताया कि वह शादी में शामिल हुई थी। वहां ऐसी कोई बात सामने नहीं आई। लड़की पक्ष के लोग शादी से पहले यहां घर भी देखकर गए थे। शादी के बाद विदाई होकर हम लोग इटावा लौटे, तभी पीछे से लड़की के घर वाले आ गए। यहां आकर उन्होंने हंगामा किया और मारपीट के बाद लड़की को अपने साथ वापस ले गए। स्थानीय लोगों से बातचीत में भी सामने आया कि प्रीतम लंबे समय से अपनी पहचान को लेकर लोगों को भ्रमित करता रहा है। वह खुद को कभी अधिकारी तो कभी किसी बड़ी नौकरी में होने की बात कहता था। वहीं, गोरखपुर से आए पीड़ित पक्ष ने पहले ही कैंट थाने में आरोपी प्रीतम, उसकी बहन और अन्य सहयोगियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया है। पुलिस अब आरोपी की तलाश में जुटी है। घटना के बाद से आरोपी प्रीतम निषाद फरार है।
गांव के लोगों ने भी दिए फर्जीवाड़े के प्रमाण
फर्जी आईएएस प्रीतम निषाद की धोखाधड़ी का शिकार बने गोरखपुर के पीड़ित परिवार के लोग जब हकीकत जानने उसके गांव पहुंचे, तो वहां लोगों ने फर्जीवाड़े के प्रमाण दिए गए और आरोपी द्वारा धोखे से 25 शादियां किए जाने की जानकारी दी। परिजन बेटी को वापस ले आए, लेकिन आरोपित फरार है। शादी में 30 लाख रुपये से अधिक खर्च होने के बाद से परिवार सदमे में है।
पीड़ित लड़की के पिता पैरालाइज्ड हैं, उन्होंने बताया कि उनकी तीन बेटियां और एक बेटा है। दो बेटियों की शादी के बाद उन्होंने छोटी बेटी के लिए रिश्ता तलाशना शुरू किया। दिल्ली में रहने वाली बड़ी बेटी ने समाज के एक ग्रुप में आए युवक का प्रोफाइल दिखाया। इसमें प्रीतम कुमार निषाद (निवासी लुधियात मोहल्ला, इटावा) को 32 वर्षीय आईएएस अधिकारी और मणिकपुर में तैनात एसडीएम बताया गया था। उसने दहेज न लेने की बात भी कही थी। दिसंबर 2025 में प्रीतम गोरखपुर आया और लड़की को पसंद कर लिया। परिजन उसकी जानकारी के लिए इटावा भी गए, जहां उसने लुधियात मोहल्ले में एक मकान दिखाया और बताया कि वह अपनी बहन के साथ यहां रहता है। गांव के बारे में पूछने पर उसे पिछड़ा बताते हुए, वहां कम आना-जाना बताया और खुद को गांव का पहला आईएएस अधिकारी बताया। इन बातों से परिवार आश्वस्त हो गया और 11 मार्च 2026 को शादी तय कर दी गई। बाद में उसने शादी के खर्च के नाम पर 15 लाख रुपये ले लिए।
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