लखनऊः समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि सपा सरकार बनने पर समाजवादी पेंशन योजना फिर से शुरू की जाएगी। इसके साथ ही महिलाओं के सम्मान के लिए एक नई योजना को लागू कर सालाना 40 हजार की वित्तीय सहायता दी जाएगी। अखिलेश ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि 'कानून व्यवस्था की हत्या' हो रही है और पुलिस से राजनीतिक काम कराया जा रहा है। 'हथेली गरम तो पुलिस नरम' की स्थिति बन गई है।
रविवार को पार्टी मुख्यालय में पत्रकारों से कहा कि राष्ट्रीय अपराध रिकार्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़ों में महिलाओं के खिलाफ अपराध बढ़ रहे हैं। बनारस में खुलेआम गोली मारने और मथुरा में एक साधु की हत्या का जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश में आम आदमी
सुरक्षित नहीं है। गैस सिलिंडर की किल्लत पर कहा कि यह मुकद्दर से मिल रहा है। झांसी में सिलिंडरों से भरा ट्रक गायब होने के मामले में उन्होंने भाजपा से जुड़े लोगों की भूमिका पर भी आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सपा सरकार में शुरू किए गए रानी लक्ष्मीबाई अवार्ड और यश भारती जैसे सम्मान कार्यक्रमों से प्रतिभाओं को प्रोत्साहन मिलता था,
लेकिन उन्हें बंद कर दिया गया। मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चाओं पर तंज कसते हुए कहा कि बजट खत्म हो चुका है तो विस्तार हो रहा है। असली विस्तार 2027 में सरकार बदलने पर होगा। ग्रीन कारिडोर परियोजना की डिजाइनिंग पर सवाल उठाते हुए कहा कि यह मानकों के खिलाफ बना है। पैदल चलने वालों व साइकिल सवारों के लिए जगह नहीं है और हर चौराहे पर पुलिस लगानी पड़ेगी, जिससे यातायात और जटिल ही होगा। बंगाल चुनाव पर कहा कि ममता बनर्जी अकेले चुनाव जीत रही हैं। भाजपा चुनावी फायदा उठाने के लिए अधिकारियों में बदलाव कर रही है और अप्रैल से उत्तर प्रदेश में भी अपने लोगों को तैनात करने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। कहा कि पीडीए की एकजुटता से सरकार की नींद उड़ी हुई है। पीडीए के सत्ता में आने पर महिलाओं को सम्मान और सुरक्षा सुनिश्चित होगी।

