24 March 2026

फर्जी दस्तावेजों से नौकरी हथियाने वाले 2 शिक्षकों पर मुकदमा, ऐसे पकड़ाया ‘खेल’

 

उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले में बेसिक शिक्षा विभाग में फर्जी दस्तावेजों के सहारे नौकरी पाने वाले दो शिक्षकों पर बिसवां थाने में मुकदमा दर्ज हुआ है। खंड शिक्षा अधिकारी की तहरीर पर पुलिस ने दो फर्जी शिक्षकों पर मुकदमा दर्ज किया है। दो फर्जी शिक्षकों पर एफआईआर दर्ज होने के बाद शेष फर्जी शिक्षकों में हड़कंप मच गया है। अब जल्द ही शेष फर्जी शिक्षकों पर भी कार्रवाई की जाएगी।




बिसवां व सकरन ब्लॉक के खंड शिक्षा अधिकारी ओंकार सिंह ने अलीगढ़ जनपद के इगलास तहसील निवासी विनेश व मनोज के खिलाफ बिसवां थाने में तहरीर देकर बताया कि 12,460 शिक्षक भर्ती में इन कथित शिक्षकों के द्वारा फर्जी दस्तावेज के जरिए नौकरी हथियाई गई थी। दोनों ने एक जुलाई 2024 को कार्यभार ग्रहण किया था। काउंसलिंग के समय इनके द्वारा प्रस्तुत वर्ष 2014 के यूपीटीईटी अंकपत्रों का जब ऑनलाइन सत्यापन के लिए चेक किया गया, तो डेटा ऑनलाइन सत्यापन नहीं हो सका। इसके बाद विभाग ने परीक्षा नियामक प्राधिकारी, प्रयागराज को ऑफलाइन सत्यापन के लिए पत्र भेजा। वहां से आई गोपनीय रिपोर्ट ने विभाग में हड़कंप मचा दिया। रिपोर्ट में स्पष्ट कहा गया कि विभाग के अभिलेखों में इन अनुक्रमांकों का कोई आवंटन ही नहीं है और प्रस्तुत प्रमाणपत्र पूरी तरह 'फर्जी व कूटरचित' हैं।


 15 दिन के भीतर साक्ष्य प्रस्तुत करने का दिया था अंतिम अवसर

फर्जीवाड़े की पुष्टि के बाद बीएसए कार्यालय द्वारा दोनों शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी कर 15 दिन के भीतर साक्ष्य प्रस्तुत करने का अंतिम अवसर दिया गया था। इसके बावजूद न तो शिक्षक स्वयं उपस्थित हुए और न ही उनकी ओर से कोई स्पष्टीकरण दिया गया। जिसके बाद बीएसए ने 25 फरवरी 2026 को इन फर्जी शिक्षकों को बर्खास्त कर दिया। खंड शिक्षा अधिकारी बिसवां और सकरन, ओंकार सिंह की ओर से कोतवाली बिसवां में तहरीर देकर धोखाधड़ी, कूटरचित दस्तावेज तैयार करने और सरकारी धन के गबन जैसी गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज कराई जा रही है।



 जल्द ही बचे हुए 19 फर्जी शिक्षकों पर भी मुकदमा दर्ज होगा

बीएसए अखिलेश प्रताप सिंह ने बताया कि फर्जी दस्तावेजों से नौकरी पाने वाले शिक्षकों पर एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश खंड शिक्षा अधिकारियों को दिए गए है। पुलिस के द्वारा मुकदमा दर्ज करने में लापरवाही बरती जा रही थी। डीएम ने एसपी को पत्र लिखकर मुकदमा दर्ज करने के लिए कहा था। इसके बाद दो पर एफआईआर दर्ज हुई है। जल्द ही बचे हुए 19 फर्जी शिक्षकों पर भी मुकदमा दर्ज हो जाएगा।