12 लाख से थोड़ी ज़्यादा इनकम वालों के लिए राहत की खबर
जानिए क्या है Marginal Relief और कैसे बचता है आपका टैक्स (FY 2025–26)
अगर आपकी सालाना इनकम 12 लाख रुपये से थोड़ी ज्यादा है और आपको लग रहा है कि अब भारी टैक्स देना पड़ेगा, तो घबराने की जरूरत नहीं है। नई टैक्स व्यवस्था (New Tax Regime) में सरकार ने ऐसे टैक्सपेयर्स के लिए Marginal Relief का प्रावधान किया है, जिससे अतिरिक्त इनकम पर अचानक ज्यादा टैक्स का बोझ न पड़े।
🔍 क्या है Marginal Relief?
मार्जिनल रिलीफ का मतलब है —
टैक्स में होने वाली बढ़ोतरी, आपकी इनकम में हुई बढ़ोतरी से ज्यादा नहीं हो सकती।
सरल शब्दों में कहें तो अगर आपकी इनकम टैक्स-फ्री सीमा से थोड़ी ही ज्यादा है, तो सरकार आपको इतना टैक्स नहीं देगी कि आपकी पूरी बढ़ी हुई इनकम ही टैक्स में चली जाए।
💡 किन लोगों को मिलता है इसका फायदा?
- सिर्फ Resident Individual टैक्सपेयर्स को
- जिनकी कुल सालाना इनकम 12.75 लाख रुपये से कम है
- जो New Tax Regime को चुनते हैं
👉 अगर इनकम 12.75 लाख से काफी ज्यादा हो जाती है, तो मार्जिनल रिलीफ नहीं मिलेगा और सामान्य स्लैब के अनुसार टैक्स देना होगा।
📊 आंकड़ों से समझिए Marginal Relief
(स्टैंडर्ड डिडक्शन ₹50,000 मानकर)
-
₹12,75,000 इनकम
- टैक्स स्लैब के अनुसार टैक्स: ₹60,000
- वास्तविक टैक्स: ₹0
- 👉 पूरा टैक्स Marginal Relief से माफ
-
₹13,00,000 इनकम
- स्लैब टैक्स: ₹63,750
- वास्तविक टैक्स: ₹25,000
- 👉 ₹38,750 की राहत
-
₹13,25,000 इनकम
- स्लैब टैक्स: ₹67,500
- वास्तविक टैक्स: ₹50,000
- 👉 ₹17,500 की राहत
-
₹13,45,588 इनकम
- टैक्स देय: ₹70,588
- वास्तविक टैक्स: ₹70,588
- 👉 यहीं पर Marginal Relief खत्म हो जाता है
✅ Marginal Relief का सबसे बड़ा फायदा
- थोड़ी सी ज्यादा इनकम पर अचानक भारी टैक्स नहीं देना पड़ता
- टैक्स सिस्टम ज्यादा न्यायसंगत और संतुलित बनता है
- मिडिल क्लास और सैलरीड टैक्सपेयर्स को सीधी राहत
⚠️ ध्यान रखने वाली बात
- यह राहत सीमित इनकम रेंज तक ही है
- 12.75 लाख से ऊपर जाते ही लाभ धीरे-धीरे खत्म हो जाता है
- इससे ज्यादा इनकम पर पूरा टैक्स स्लैब लागू हो जाएगा
✍️ लास्ट में
अगर आपकी इनकम 12 लाख से थोड़ी ज्यादा है, तो Marginal Relief आपके लिए एक बड़ी राहत है। यह सुनिश्चित करता है कि आपकी मेहनत की कमाई सिर्फ टैक्स के बोझ में न दब जाए। टैक्स प्लानिंग करते समय इस रिलीफ को जरूर ध्यान में रखें।
👉 सही जानकारी = सही टैक्स बचत 💰


