अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्य एवं महाविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर होने की आयु सीमा तय करने की मांग प्रतियोगियों ने की है। प्रतियोगी छात्र-छात्राओं ने शासन से मांग की है कि शिक्षा सेवा चयन आयोग (यूपीईएसएससी), उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) की राजकीय महाविद्यालयों की तरह सहायता प्राप्त महाविद्यालयों की असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती में भी आयु सीमा लागू की जाए। इसी तरह यूपीपीएससी की राजकीय इंटर कॉलेजों की
प्रधानाचार्य भर्ती की तरह एडेड माध्यमिक विद्यालयों की भी प्रधानाचार्य भर्ती में आयु सीमा लागू कर समानता लाने की मांग की गई है। इसके अलावा वर्ष 2022 के बाद कोई भी शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा नई भर्ती नहीं हुई है, इसलिए प्रतियोगियों ने आयोग से अधिकतम आयु सीमा में बढ़ोतरी की मांग की है। उनका कहना है कि पाठ्यक्रम में बदलाव व नई परीक्षा व्यवस्था लागू होने से प्रतियोगियों को नए पाठ्यक्रम के अनुसार तैयारी करने का समय मिलना चाहिए, जिसे ध्यान में रखा जाए।

