05 जून, 2024 से 11 जून, 2024 तक समर कैम्प के आयोजन का निर्देश जारी किया गया है जो विधिक दृष्टि विश्व से उचित नहीं

 बेसिक शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक जिला कार्यालय पर संपन्न हुई। बैठक को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष रसकेंद्र गौतम ने कहा कि बेसिक शिक्षक वर्ग वैकेशन स्टाफ में आता है। शिक्षक वर्ग को वित्तीय हस्त पुस्तिका के अनुसार समानुपातिक रूप में 30 दिन के उपार्जित अवकाश के सापेक्ष 21 मई से 15 जून तक का ग्रीष्मावकाश स्वीकृत है। ग्रीष्मावकाश में विद्यालय के शिक्षक एवं छात्र/छात्रायें अपने- अपने परिवारों के साथ निजी भ्रमण के कार्यक्रम में भी रहते हैं। ग्रीष्मावकाश की अवधि में दिनांक 05 जून, 2024 से 11 जून, 2024 तक समर कैम्प के आयोजन का निर्देश जारी किया गया है जो विधिक दृष्टि विश्व से उचित नहीं है। इन कार्यक्रमों के कारण विद्यालयों के शिक्षक एवं छात्र/छात्राएं




ग्रीष्मावकाश का समुचित उपभोग नहीं कर पाते हैं, साथ ही उपार्जित अवकाश के सापेक्ष ग्रीष्मावकाश की स्वीकृति प्रायः निरर्थक सिद्ध हो रही है। ग्रीष्मावकाश की विधिक स्थिति को दृष्टिगत रखते हुए शिक्षक वर्ग एवं छात्र/छात्राओं को ग्रीष्मावकाश अवधि में किसी भी तरह का काम मंजूर नहीं, बेसिक शिक्षको को भी सच के तहत 220 कार्यदिवस होने चाहिए परंतु बेसिक शिक्षको के 256 कार्यदिवस हो रहे जो नियमानुसार गलत है, केंद्रीय विद्यालयों में 70 दिन के अवकाश होता है और बेसिक में सिर्फ 30 दिन का। बैठक में महामंत्री महेश साहू ने कहा कि ग्रीष्मकालीन अवकाश में दिनांक 5 जून से 11 जून 2024 तक परिषदीय प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों में पर्यावरण दिवस के अवसर पर शिक्षकों द्वारा समर कैप गतिविधियां आयोजित किए जाने के निर्देश प्रदान किये गए हैं। बेसिक





शिक्षा परिषद द्वारा जारी अवकाश तालिका के क्रम में प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में 20 मई से 15 जून 2024 तक ग्रीष्मकालीन अवकाश मोषित हो चुका है। तत्क्रम में 20 मई को समस्त परिषदीय विद्यालय बंद हो चुके हैं एवं अधिकतर शिक्षक/शिक्षिकाएं प्रदेश के सुदूर क्षेत्रों में स्थित अपने अपने मूल निवास स्थान/गृह जनपद को प्रस्थान कर चुके हैं तथा वर्तमान में अपने पारिवारिक दायित्वों के निर्वहन में व्यस्त हैं। अन्य कर्मचारियों को एक वर्ष में 30 दिन का अर्जित अवकाश मिलता है परन्तु बेसिक शिक्षकों को अभी तक अर्जित अवकाश अनुमन्य नहीं किए गये हैं। जबकि संगठन द्वारा आपसे निरंतर बेसिक शिक्षकों के लिए ग्रीष्मकालीन अवकाश के स्थान पर 27 अस अर्जित अवकाश प्रदान करने की मांग की जा रही है परन्तु यह मांग अद्यतन लंबित है। जो कि खेद का विषय है। बैठक को संबोधित





करते हुए प्रदीप कुशवाहा जिला कोषाध्यक्ष ने कहा कि उक्त आदेश पर पुनर्विचार करते हुए इसे निरस्त करने का कष्ट करें। साथ ही यह भी समीचीन होगा कि प्रत्येक कार्य दिवस के अनुपात में शिक्षकों को अर्जित अवकाश अनुमन्य किए बिना ग्रीष्मकालीन अवकाश या अन्य अवकाश में किसी भी प्रकार का कैंप या गतिविधियों का आयोजन न किया जाये अन्यथा की स्थिति में प्रदेश के लाखों-लाख शिक्षकों की भावनाओं को देखते हुए संगठन आंदोलन करने को बाध्य होगा। जिसका समस्त उत्तर दायित्व विभाग का होगा। बैठक में रसकेंद्र गौतम, महेश साहू, प्रदीप कुशवाहा, विपिन त्रिपाठी, नरेंद्र पटेल, दीपक सोनी, राहुल सवर्णकार, अवधेश कुमार, रेखा माहौर, नीतू राजपूत, मुकुंद त्रिवेदी, अश्वनी राय, विनोद भारी, मु असलम, अश्वनी नामदेव आदि उपस्थित रहे। बैठक का संचालन सुनील गुप्ता ने व आभार हिमांशु अवस्मी ने व्यक्त किया।