अगले साल तक टल गईं 3 मुख्य परीक्षाएं, इस साल नहीं होंगी पीसीएस, आरओ/एआरओ, स्टाफ नर्स भर्ती की मुख्य परीक्षा


प्रयागराज। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) की ओर से वर्ष 2024 का संशोधित कैलेंडर जारी किए जाने के बाद तीन मुख्य परीक्षाएं अगले साल तक के लिए टल गई हैं। ऐसे में आयोग के लिए भर्ती परीक्षाओं के सत्र को पटरी पर लाना बड़ी चुनौती होगी। इनमें पीसीएस जैसी प्रदेश की सबसे प्रतिष्ठित भर्ती परीक्षा भी शामिल है।


आयोग की ओर से 12 जनवरी 2024 को जारी किए गए कैलेंडर में स्टाफ नर्स (यूनानी/आयुर्वेदिक) (पुरुष/महिला) मुख्य परीक्षा- 2023 का आयोजन नौ जून 2024, सम्मिलित राज्य/प्रवर अधीनस्थ सेवा (पीसीएस) मुख्य परीक्षा-2024 का आयोजन सात जुलाई 2024 और समीक्षा अधिकारी (आरओ)/ सहायक समीक्षा अधिकारी (एआरओ) मुख्य परीक्षा-2023 का आयोजन 28 जुलाई 2024 से प्रस्तावित था।





आयोग ने तीन जून को जो संशोधित कैलेंडर जारी किया, उसमें
इन तीनों मुख्य परीक्षाओं को शामिल नहीं किया जा सकता है। दरअसल, 11 फरवरी 2024 का हुई आरओ/एआरओ प्रारंभिक परीक्षा-2023 पेपर लीक के कारण निरस्त कर दी गई थी और इसके बाद आयोग ने 17 मार्च को प्रस्तावित पीसीएस प्रारंभिक परीक्षा-2024 एवं 22 मार्च को प्रस्तावित स्टाफ नर्स (यूनानी / आयुर्वेदिक) (पुरुष/महिला) प्रारंभिक परीक्षा- 2023 को स्थगित कर दिया था। आयोग के संशोधित कैलेंडर के अनुसार आरओ/एआरओ की प्रारंभिक परीक्षा अब साल के अंत में 22 दिसंबर को आयोजित की जाएगी। वहीं, पीसीएस प्रारंभिक परीक्षा-2024 अब 27 अक्तूबर को होगी और स्टाफ नर्स भर्ती की प्रारंभिक परीक्षा आठ सितंबर को प्रस्तावित की गई है। ऐसे में तीनों भर्तियों के लिए मुख्य परीक्षाएं अब वर्ष 2025 में ही आयोजित कराई
जा सकेंगी।


माइक्रोबायोलॉजिस्ट के 8 पदों का रिजल्ट घोषित

प्रयागराज। यूपीपीएससी ने चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग में चिकित्साधिकारी ग्रेड-2 न्यूरो सर्जन के 18 पदों, माइक्रोवायोलॉजिस्ट के आठ पदों और चेस्ट सर्जन के एक पद पर सीधी भर्ती का परिणाम जारी कर दिया है। अभ्यर्थी उपलब्ध होने के कारण न्यूरो सर्जन के 12 पद खाली रह गए हैं। न्यूरो सर्जन के अनारक्षित श्रेणी के 10 पदों, अन्य पिछड़ा वर्ग के चार पदों, अनुसूचित जाति श्रेणी के लिए आरक्षित तीन पदों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए आरक्षित एक पद पर भर्ती के लिए इंटरव्यू 30 मई को हुए थे।