लखनऊ। प्रदेश में आरटीई (शिक्षा का अधिकार) के तहत निजी स्कूलों में पढ़ रहे गरीब और कमजोर वर्ग के बच्चों की फीस प्रतिपूर्ति में लापरवाही पर शासन ने नाराजगी व्यक्त की है। अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा की ओर से जारी निर्देश में कहा गया है कि एक सप्ताह के भीतर अभिभावकों को वित्तीय सहायता और निजी स्कूलों को फीस प्रतिपूर्ति की धनराशि का भुगतान कर दिया जाए।

