लखनऊ। परिषदीय विद्यालय शुक्रवार से खुल गए। इसके साथ ही 27 जनवरी से शुरू होने वाले निपुण आकलन को लेकर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इसके तहत जहां बच्चों को निपुण प्लस एप पर अभ्यास कराया जाएगा, वहीं शिक्षक संकुल की बैठक में विशेष रणनीति बनाई जाएगी।
प्रदेश में 27 जनवरी से 14 फरवरी के बीच निपुण विद्यालय आकलन किया जाना है। इसमें ज्यादा से ज्यादा विद्यालयों को निपुण बनाने पर जोर दिया जाएगा। इसके लिए 20 जनवरी को होने वाली शिक्षक संकुल की बैठक के एजेंडे में इसको शामिल किया गया है। साथ ही आकलन के अभ्यास के लिए वर्कशीट प्रिंट कराकर बच्चों को जानकारी दी जाएगी ताकि जब आकलन हो तो बच्चों को
दिक्कत न हो। साथ ही संकुल की बैठक में बिना किताब के रचनात्मक तरीके से बच्चों को सिखाने पर भी जोर दिया जाएगा। इसमें शिक्षकों को यह सोचने के लिए प्रेरित किया जाएगा कि किताबों के बिना भी सीखने की संभावनाएं कैसे हो सकती हैं। इससे शिक्षक की रचनात्मकता बढ़ेगी और सही प्रयोग भी हो सकेगा।
बैठक में बच्चों को जिन लर्निंग आउटकम व अवधारणाओं को समझने में दिक्कत हो रही है उसके समाधान पर भी चर्चा होगी। विद्यालयों में प्रयोग में लाई जा रही श्रेष्ठ शिक्षण अधिगम सामग्री (टीएलएम) का भी प्रस्तुतीकरण किया जाएगा। बता दें, अभी प्रदेश में 43 हजार विद्यालय निपुण घोषित हुए हैं जबकि विद्यालयों की कुल संख्या 1.33 लाख है।

