09 February 2026

क्या आप जानते हैं? आजाद भारत की पहली जनगणना कब शुरू हुई और क्या था डाटा

 आजाद भारत की पहली आधिकारिक जनगणना 9 फरवरी 1951 से शुरू हुई थी। उसके बाद हर 10 साल में इसे नियमित रूप से किया जाता रहा है। जनगणना से न केवल जनसंख्या का पता चलता है, बल्कि नीति बनाने, योजनाएं बनाने और संसाधनों के उचित बंटवारे में मदद मिलती है।



● यह गिनती 28 फरवरी 1951 तक चली थी, उस समय देश की जनसंख्या लगभग 36 करोड़ थी


● 1872 से शुरू हुई भारत की जनगणना नौवीं थी और देश आजाद होने के बाद पहली जनगणना भी थी


●1881 के बाद से हर 10 साल में जनगणना होने लगी, 1941 में आजादी से पहले आखिरी जनगणना हुई थी


●इस दौरान लोगों के नाम, उनकी उम्र, धर्म, जाति और आजीविका जैसे कुछ जरूरी सवाल पूछे गए थे


●उस समय जनगणना में जम्मू-कश्मीर को छोड़ दिया गया था, वहां का डाटा पुराने आंकड़ों से लिया गया


●1951 में भारत के जनगणना आयुक्त आर. ए. गोपालस्वामी थे, वह 1949 से 1953 तक पद पर रहे


●उस समय 36.1 करोड़ की आबादी में से केवल 18 फीसदी से कुछ अधिक लोग पढ़-लिख सकते थे


●1951 की जनगणना के बाद भारत का पहला राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) तैयार हुआ था


●2011 तक भारत में 15 जनगणनाएं हो चुकी हैं, सभी जनगणनाएं भारत जनगणना अधिनियम 1948 के तहत होती हैं