लखनऊ। संस्कृत विद्यालयों में नए सत्र 2026-27 में छात्रों के कौशल विकास पर खास फोकस होगा। इसके लिए व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के साथ कौशल विकास से जुड़े कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। उनको डिजिटल साक्षरता व साइबर क्राइम की जानकारी देने के साथ ही कॅरिअर गाइडेंस पोर्टल पंख पर पंजीकरण कराकर भविष्य की संभावनाओं से भी रूबरू कराया जाएगा।
संस्कृत शिक्षा परिषद की ओर से जारी शैक्षिक कैलेंडर में निर्देश दिए गए हैं कि विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी के लिए विशेषज्ञों के व्याख्यान होंगे। रोजगार संबंधी कौशल के लिए स्थानीय कामगारों से सेवाएं ली जाएंगी। स्थानीय कुटीर उद्योग का भ्रमण भी कराया जाएगा। कक्षा छह से आठ में लर्निंग बाय डूइंग गतिविधियों का
भी संचालन किया जाएगा। कॅरिअर गाइडेंस पोर्टल पंख पर पूर्व मध्यमा व उत्तर मध्यमा (कक्षा नौ से 12 के) अभ्यर्थियों का पंजीकरण कराया जाएगा। हर कक्षा के लिए पुस्तकालय की सुविधा रहेगी। सुनिश्चित किया जाएगा कि हर विद्यार्थी हफ्ते में कम से कम एक दिन पुस्तकालय का प्रयोग अवश्य करें। छात्र को पढ़ी किताब की विषय वस्तु पर चर्चा प्रार्थना सभा में करने का अवसर दिया जाएगा। परिषद के सचिव शिवलाल ने बताया कि इसके साथ ही नियमित अखबार पढ़ने के लिए भी छात्रों को प्रेरित किया जाएगा। ब्यूरो

