प्रेषक,
शिक्षा निदेशक(बेसिक),
उत्तर प्रदेश, लखनऊ।
सेवा में,
समस्त जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी,
उत्तर प्रदेश।
पत्रांक: शिनि0वि0वि0/मानव सम्पदा/7226-7370/2026-27, दिनांक: 11 मई, 2026
विषय– मानव सम्पदा पोर्टल पर कार्मिकों के ई-सर्विस बुक में संशोधन के सम्बन्ध में।
महोदय,
उपरोक्त विषय के सम्बन्ध में अवगत कराना है कि महानिदेशक, स्कूल शिक्षा, उ0प्र0 लखनऊ के कार्यालय पत्र संख्या–महानि0वि0/एमआईएस./निर्देशक/6823/2025-26 दिनांक 15.12.2025 (छायाप्रति संलग्न) द्वारा मानव सम्पदा पोर्टल से सम्बन्धित समस्त कार्यवाही बेसिक शिक्षा निदेशालय स्तर से किये जाने का निर्णय लिया गया है।
उल्लेखनीय है कि मानव सम्पदा पोर्टल पर कार्मिकों के ई-सर्विस बुक में अपकरण, जन्मतिथि तथा अन्य विभिन्न प्रकार के संशोधनों से सम्बन्धित प्रकरण बिना मूल अभिलेखों के सत्यापन/परीक्षण व स्पष्ट संस्तुति के निदेशालय को प्रेषित किये जा रहे हैं, यह स्थिति स्वीकार्य नहीं है।
मानव सम्पदा पोर्टल पर कार्मिकों की ई-सर्विस बुक में संशोधन हेतु निम्नलिखित प्रक्रिया का अनुपालन किया जाना आवश्यक है–
1- पोर्टल पर दर्ज डेटा और मूल अभिलेखों में भिन्नता होने पर, सम्बन्धित कार्मिक द्वारा साक्ष्य/संबंधित अभिलेखों सहित अपना आवेदन पत्र सम्बन्धित कार्यालय (BEO/BSA) में प्रस्तुत किया जायेगा।
2- उक्त जिला शिक्षा अधिकारी संशोधन हेतु प्राप्त आवेदन का मूल अभिलेखों से मिलान/परीक्षण करेंगे और परीक्षणोपरान्त अपनी स्पष्ट संस्तुति सहित आख्या जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को प्रेषित करेंगे।
3- जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा खण्ड शिक्षा अधिकारी से संस्तुति सहित अवस्थापित प्रकरण का स्वयं भी मूल अभिलेखों से मिलान/परीक्षण करेंगे और परीक्षणोपरान्त ही अपनी स्पष्ट संस्तुति आख्या पोर्टल पर कार्मिक के विवरण में संशोधन हेतु इस बेसिक शिक्षा निदेशालय, उ0प्र0 लखनऊ को आधिकारिक ईमेल पर प्रेषित करेंगे।
4- साथ ही कार्मिकों के अपकरण संशोधन हेतु आवश्यक अभिलेखों की प्रमाणित प्रति प्रेषित की जाये तथा कार्मिक व उनके पारिवारिक सदस्य की जन्मतिथि संशोधन हेतु मूल अभिलेखों (हाईस्कूल के अंक पत्र व प्रमाण पत्र) की प्रमाणिकता की जांचोपरान्त ही प्रकरण बेसिक शिक्षा निदेशालय, उ0प्र0 लखनऊ को प्रेषित किये जायें।
उक्त के सम्बन्ध में आपको निर्देशित किया जाता है कि मानव सम्पदा पोर्टल पर उपलब्ध पंजीकृत कार्मिकों/शिक्षकों के डेटा की शुद्धता सुनिश्चित करने हेतु उपरोक्त प्रक्रिया का अनिवार्य रूप से अनुपालन सुनिश्चित किया जाये। मूल अभिलेखों के सत्यापन के बिना भेजी गई किसी भी त्रुटिपूर्ण संस्तुति के लिए सम्बन्धित अधिकारी व्यक्तिगत रूप से उत्तरदायी होंगे।
भवदीय,
(प्रताप सिंह बघेल)
शिक्षा निदेशक (बेसिक)
उ0प्र0 लखनऊ

