22 June 2026

पति-पत्नी शिक्षकों के अंतरजनपदीय तबादले पर सरकार का बड़ा फैसला, छात्र-शिक्षक अनुपात की जिलावार सूची जारी

 

बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में कार्यरत पति-पत्नी शिक्षकों के अंतरजनपदीय तबादले को लेकर शासन ने स्थिति स्पष्ट कर दी है। अब केवल उसी शिक्षक के तबादले पर विचार किया जाएगा, जिसने आनलाइन आवेदन किया है। आवेदन नहीं करने वाले पति या पत्नी का तबादला नहीं किया जाएगा।



पहले जारी आदेश में था कि यदि पति या पत्नी दोनों परिषदीय विद्यालयों में शिक्षक हैं और उनमें से कोई एक स्थानांतरण के लिए आवेदन करता है, तो जिस जिले में शिक्षक-छात्र अनुपात (पीटीआर) कम होगा, वहां दोनों में से किसी एक का स्थानांतरण किया जा सकता था। इस व्यवस्था से यह स्पष्ट नहीं था कि पति-पत्नी को एक ही जिले या आसपास तैनाती मिल पाएगी या नहीं, जिससे भ्रम की स्थिति बनी हुई थी।



शासन ने स्थानांतरण प्रक्रिया को निर्धारित मानकों के अनुसार पूरा करने के लिए सभी जिलों का छात्र-शिक्षक अनुपात (पीटीआर) भी जारी किया है। प्रदेश के 1,11,533 परिषदीय विद्यालयों में करीब 93.91 लाख छात्र अध्ययनरत हैं और 3,03,997 शिक्षक कार्यरत हैं।

- छात्र-शिक्षक अनुपात की जिलावार सूची


प्रदेश का औसत पीटीआर 31 है, यानी एक शिक्षक पर औसतन 31 विद्यार्थी हैं। सबसे अधिक पीटीआर श्रावस्ती में 71 और बहराइच में 58 है। इसके अलावा लखीमपुर खीरी में 47, सोनभद्र में 46, बलरामपुर में 45 और पीलीभीत में 44 का पीटीआर दर्ज किया गया है। सबसे कम पीटीआर इटावा में 17 है।


राजधानी लखनऊ के 1,345 परिषदीय विद्यालयों में 1,00,876 छात्रों के सापेक्ष 3,293 शिक्षक कार्यरत हैं। यहां छात्र-शिक्षक अनुपात 31 है।


विशेष परिस्थितियों में अंतरजनपदीय तबादले के लिए 20 जून तक करीब साढ़े छह हजार आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें दिव्यांग और दंपती शिक्षकों के आवेदन सबसे अधिक हैं, जबकि डायलिसिस श्रेणी में आवेदन अपेक्षाकृत कम हैं। शासन ने सभी संबंधित अधिकारियों को शासनादेश के अनुरूप समयबद्ध ढंग से स्थानांतरण प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए हैं।