होमगार्ड प्रशिक्षण में शामिल होगा सीपीआर (CPR), मुख्यमंत्री ने दिए निर्देश
लखनऊ - मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में होमगार्ड जवानों को आधुनिक चुनौतियों का प्रभावी ढंग से सामना करने के लिए प्रशिक्षित किए जाने पर जोर दिया है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि होमगार्ड जवानों को अब सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) और प्राथमिक उपचार का प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे एक कुशल 'फर्स्ट रिस्पॉन्डर' के रूप में कार्य कर सकें।
मुख्य बिंदु:
प्रशिक्षण और कौशल: होमगार्डों को डिजिटल प्रणालियों का अधिकतम उपयोग करना सिखाया जाएगा। चिकित्सा के क्षेत्र में 'गोल्डन आवर' के महत्व को भी प्रशिक्षण में शामिल किया जाएगा।
भर्ती और परिणाम: 41,424 पदों के लिए चल रही भर्ती प्रक्रिया का अंतिम परिणाम सितंबर 2026 तक जारी किया जाएगा। चयनित अभ्यर्थियों को उत्तर प्रदेश पुलिस के प्रशिक्षण संस्थानों में 90 दिनों का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
भत्ते और सुविधाएं: होमगार्डों का प्रशिक्षण भत्ता बढ़ाकर ड्यूटी भत्ते के समकक्ष कर दिया गया है, साथ ही प्रत्येक तीन वर्ष में 3,000 रुपये का वर्दी भत्ता देने की व्यवस्था है।
संगठन की स्थिति: वर्ष 1963 में स्थापित होमगार्ड संगठन में कुल 1,18,348 पद स्वीकृत हैं, जिनमें से अभी 67,971 होमगार्ड उपलब्ध हैं। आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में अब तक 3,812 होमगार्डों को 'आपदा मित्र' बनाया गया है।

