एटा में बेसिक शिक्षक भर्ती प्रक्रिया से शैक्षिक मेरिट की व्यवस्था समाप्त किए जाने के फैसले से अभ्यर्थियों में खुशी की लहर दौड़ गई है। अब चयन केवल 360 अंकों की लिखित परीक्षा के प्रदर्शन के आधार पर होगा, जिससे पूरी प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और निष्पक्ष बनेगी।
अभ्यर्थियों का कहना है कि पहले हाईस्कूल, इंटरमीडिएट, स्नातक और अन्य शैक्षिक अंकों के आधार पर बनने वाली मेरिट के कारण कई प्रतिभाशाली अभ्यर्थी पीछे रह जाते थे। अब केवल प्रतियोगी परीक्षा के प्रदर्शन के आधार पर चयन होने से प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और निष्पक्ष बनेगी। इससे उन अभ्यर्थियों को भी उम्मीद जगी है, जिनके शैक्षिक अंक अपेक्षाकृत कम हैं लेकिन प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी बेहतर है।
मेरिट नहीं मेधा से मिलेगी नौकरी
यह फैसला लंबे समय से प्रतीक्षित था। अब मेहनत करने वाले अभ्यर्थियों को बराबरी का मौका मिलेगा और चयन पूरी तरह परीक्षा के प्रदर्शन पर निर्भर होगा।
- श्याम, एटा
शैक्षिक मेरिट खत्म होने से मानसिक दबाव कम हुआ है। अब पूरा ध्यान लिखित परीक्षा की तैयारी पर रहेगा और सभी के लिए समान अवसर उपलब्ध होंगे।
- शिवा राठौर, एटा
पहले पुराने शैक्षिक अंकों का असर अंतिम चयन पर पड़ता था। नई व्यवस्था से प्रतियोगिता निष्पक्ष होगी और प्रतिभा के आधार पर चयन संभव होगा।
- ज्योति, एटा
सरकार का यह निर्णय सराहनीय है। अब अभ्यर्थियों को केवल अपनी तैयारी पर भरोसा रखना होगा। इससे भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता भी बढ़ेगी और योग्य अभ्यर्थियों को न्याय मिलेगा।
