Agra News: SHVR, INSPIRE Award, APAAR ID और Eco Club की ड्यूटी तत्काल निरस्त, शिक्षकों को मूल विद्यालय में उपस्थित रहने के निर्देश
आगरा। उत्तर प्रदेश के आगरा जिले में बेसिक शिक्षा विभाग ने SHVR, INSPIRE Award, APAAR ID और Eco Club सहित विभिन्न कार्यों के लिए आवंटित ड्यूटी को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, समग्र शिक्षा, आगरा की ओर से 8 अक्टूबर 2026 को इस संबंध में आदेश जारी किया गया है।
जारी आदेश के अनुसार, 5 अक्टूबर 2026 को कार्यालय द्वारा जारी पूर्व आदेश के माध्यम से जनपद के आवंटित मान्यता प्राप्त विद्यालयों में विभिन्न कार्यों को पूरा कराने के लिए एआरपी (ARP), एसआरजी (SRG) और शिक्षकों की ड्यूटी लगाई गई थी। अब इस ड्यूटी को तत्काल प्रभाव से निरस्त करने का निर्णय लिया गया है।
शिक्षकों को मूल विद्यालय में उपस्थित रहने के निर्देश
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, आगरा की ओर से जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि संबंधित एआरपी, एसआरजी और शिक्षक अब पूर्व आदेश के तहत आवंटित मान्यता प्राप्त विद्यालयों में उपस्थित होने के लिए बाध्य नहीं होंगे।
संबंधित कर्मियों को अपने मूल विद्यालय अथवा निर्धारित कार्यालय में उपस्थित रहकर अपने नियमित शैक्षणिक एवं विभागीय कार्यों का निर्वहन करना होगा।
5 अक्टूबर के आदेश के निर्देश भी निष्प्रभावी
आदेश में कहा गया है कि 5 अक्टूबर 2026 को जारी कार्यालय आदेश संख्या 6867–70/2026–27 के वे निर्देश, जो निरस्त की गई ड्यूटी से सीधे संबंधित हैं, अब निष्प्रभावी माने जाएंगे।
इस निर्णय के बाद संबंधित एआरपी, एसआरजी और शिक्षकों को पूर्व निर्धारित अतिरिक्त ड्यूटी के स्थान पर अपने नियमित कार्यों पर ध्यान देना होगा।
खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देश
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को आदेश की जानकारी संबंधित एआरपी, एसआरजी और शिक्षकों तक तत्काल पहुंचाने के निर्देश दिए हैं, ताकि आदेश का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित किया जा सके।
आदेश की प्रतिलिपि संबंधित एआरपी, एसआरजी, शिक्षकों, विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों एवं प्रभारी प्रधानाध्यापकों तथा जिला समन्वयक और पटेल सहायक, समग्र शिक्षा, आगरा को भी आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजी गई है।
महत्वपूर्ण: यह आदेश जनपद आगरा के संबंधित कर्मियों और पूर्व आदेश के तहत लगाई गई विशिष्ट ड्यूटी के संबंध में है। इसे प्रदेश के सभी जिलों में लागू आदेश न माना जाए।

