07 June 2026

Education System में बड़ा बदलाव! पीएम मोदी और राज्यों के CM तय करेंगे नई शिक्षा नीति का रोडमैप

एजुकेशन सिस्टम में होगा बड़ा बदलाव? पीएम मोदी और राज्यों के मुख्यमंत्री तय करेंगे शिक्षा का नया रोडमैप



देश में लगातार सामने आ रही पेपर लीक की घटनाओं के बीच शिक्षा व्यवस्था को लेकर बहस तेज हो गई है। इसी बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में होने वाली एक महत्वपूर्ण बैठक में शिक्षा क्षेत्र से जुड़े कई अहम मुद्दों पर चर्चा होने वाली है। माना जा रहा है कि इस बैठक में भविष्य की शिक्षा नीति और विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए नए सुझावों पर विचार किया जाएगा।

11 जून को होगी नीति आयोग की अहम बैठक

11 जून 2026 को नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की बैठक आयोजित होगी, जिसकी अध्यक्षता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे। इस बैठक में देश के सभी राज्यों के मुख्यमंत्री और केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपाल शामिल हो सकते हैं।

बैठक का मुख्य उद्देश्य वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण के लिए आवश्यक मानव संसाधन तैयार करने की रणनीति पर चर्चा करना है। इसके अलावा बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, कौशल विकास और एक्स्ट्रा करिकुलर गतिविधियों को बेहतर बनाने के लिए भी सुझाव लिए जाएंगे।

शिक्षा सुधारों पर होगा विशेष फोकस

सूत्रों के अनुसार बैठक में यह भी विचार किया जाएगा कि शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक जरूरतों के अनुरूप कैसे बनाया जाए। बच्चों को केवल पढ़ाई तक सीमित न रखते हुए खेल, सांस्कृतिक गतिविधियों, नेतृत्व विकास और अन्य रचनात्मक कार्यक्रमों से जोड़ने पर भी चर्चा होगी।

इसके साथ ही राज्यों में नियमों और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल बनाकर आर्थिक विकास की गति बढ़ाने के उपायों पर भी विचार किया जाएगा।

क्या उठ सकता है पेपर लीक का मुद्दा?

हालांकि बैठक के आधिकारिक एजेंडे में पेपर लीक का मुद्दा शामिल नहीं है, लेकिन माना जा रहा है कि कुछ राज्यों के मुख्यमंत्री इस विषय को उठा सकते हैं। हाल के वर्षों में कई प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने की घटनाओं ने शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े किए हैं।

ऐसे में मुख्यमंत्री अपने-अपने सुझाव रखते हुए परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाने की मांग कर सकते हैं।

केंद्र और राज्यों के बीच होगा समन्वय

बैठक में इस बात पर भी जोर रहेगा कि विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को हासिल करने के लिए केंद्र और राज्यों के बीच बेहतर तालमेल कैसे बनाया जाए। शिक्षा, कौशल विकास और रोजगार से जुड़े विषयों पर साझा रणनीति तैयार करने की दिशा में चर्चा होने की संभावना है।

कई नए मुख्यमंत्री पहली बार होंगे शामिल

पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों के बाद यह पहली बड़ी बैठक होगी। ऐसे में कुछ नए मुख्यमंत्री पहली बार नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की बैठक में भाग ले सकते हैं।

सूत्रों का कहना है कि इस बैठक को प्रधानमंत्री मोदी द्वारा हाल ही में केंद्रीय मंत्रिपरिषद और विभिन्न राज्यों के मुख्य सचिवों के साथ की गई बैठकों के संदर्भ में भी देखा जा रहा है। उन बैठकों में राज्यों में सुधारों की गति बढ़ाने, निवेश को प्रोत्साहित करने और विकास परियोजनाओं को तेज करने पर जोर दिया गया था।

विशेष योजनाओं पर भी होगी चर्चा

बैठक में वामपंथी हिंसा से मुक्त कराए गए जिलों के विकास, विशेष योजनाओं के क्रियान्वयन और विभिन्न क्षेत्रों में सुधार से जुड़े विषयों पर भी चर्चा हो सकती है। इसके अलावा नीति आयोग द्वारा तैयार किए गए कुछ प्रेजेंटेशन भी राज्यों के सामने रखे जाने की संभावना है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह बैठक आने वाले वर्षों में भारत की शिक्षा व्यवस्था और मानव संसाधन विकास की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।