24 August 2026

सरकारी स्कूलों की 19 बिंदुओं पर जांच, जिले में 200 अधिकारियों ने संभाली कमान

 

सरकारी स्कूलों की 19 बिंदुओं पर जांच, शाहजहांपुर में 200 अधिकारियों ने संभाली कमान

शाहजहांपुर। सरकारी स्कूलों में व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने और कमियों को दूर करने के लिए जिले में बड़े स्तर पर निरीक्षण अभियान चलाया गया। करीब 200 प्रशासनिक एवं शिक्षा अधिकारियों ने जिले के सरकारी विद्यालयों का निरीक्षण कर 19 बिंदुओं पर व्यवस्थाओं की पड़ताल की। निरीक्षण के दौरान सामने आई कमियों को दूर करने की प्रक्रिया अब शुरू की जाएगी।

4 हजार स्कूलों में 1500 से अधिक का निरीक्षण

जिले में करीब चार हजार सरकारी स्कूल हैं। इनमें से अब तक 1500 से अधिक विद्यालयों का निरीक्षण किया जा चुका है। निरीक्षण के लिए जिलाधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी, जिला विद्यालय निरीक्षक, बेसिक शिक्षा अधिकारी, ग्राम एवं खंड विकास अधिकारियों समेत करीब 200 अधिकारियों-कर्मचारियों को लगाया गया है।

अधिकारियों ने विद्यालयों में पेयजल, सफाई, भवन की स्थिति, बिजली, शौचालय, आवासीय व्यवस्था, भोजन, शिक्षकों की उपलब्धता समेत 19 बिंदुओं पर स्थिति देखी।

परिषदीय विद्यालयों में कई व्यवस्थाएं अधूरी

निरीक्षण में परिषदीय विद्यालयों में कायाकल्प के तहत तय किए गए 19 पैरामीटर में कई स्थानों पर काम अधूरा मिला। जर्जर भवनों के ध्वस्तीकरण पर भी ध्यान देने की जरूरत सामने आई। वहीं, कई विद्यालयों में बाउंड्रीवाल और बिजली कनेक्शन की समस्या भी बताई गई।

विद्यालयों में पेयजल, शौचालय, बिजली, भोजन, शिक्षकों की उपलब्धता और बच्चों के बैठने की व्यवस्था की भी पड़ताल की गई। रिपोर्ट को शिक्षा विभाग के प्रेरणा पोर्टल पर अपलोड किया जा रहा है।

99 प्रतिशत स्कूलों में बच्चों के लिए फर्नीचर की कमी

रिपोर्ट के अनुसार बड़ी संख्या में विद्यालयों में बच्चों के बैठने के लिए पर्याप्त फर्नीचर उपलब्ध नहीं है। खबर में बताया गया है कि 99 प्रतिशत विद्यालयों में बच्चों के लिए बेंच-डेस्क की सुविधा नहीं होने के कारण बच्चे जमीन पर बैठकर पढ़ाई करते हैं।

अधिकारियों के अनुसार विद्यालयों में सुविधाओं का सत्यापन जल्द पूरा कराया जाएगा। इसके बाद जिन स्कूलों में कमियां मिली हैं, वहां आवश्यक सुधार कराए जाने की प्रक्रिया शुरू होगी।

मंडल के अन्य जिलों में भी निरीक्षण

शाहजहांपुर के साथ मंडल के बरेली, बदायूं और पीलीभीत जिलों में भी सरकारी स्कूलों का निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। पीलीभीत और बरेली में निरीक्षण अंतिम चरण में बताया गया है।

इस अभियान का उद्देश्य सरकारी विद्यालयों में उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं की वास्तविक स्थिति जानना और कमियों को दूर कर बच्चों के लिए बेहतर शैक्षणिक माहौल तैयार करना है।