लखनऊ, । यूपी में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद जो मतदाता सूची जारी की गई है, उसमें 12.55 करोड़ मतदाता हैं। वहीं त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचक नामावली जो राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से तैयार की गई उसमें 12.69 करोड़ मतदाताओं के नाम हैं। ऐसे में राजनीतिक दलों की ओर से इस अंतर पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचक नामावली वृहद पुनरीक्षण-2026 पिछले महीनों में किया गया। आम आदमी पार्टी (आप) के यूपी प्रभारी संजय सिंह, निषाद पार्टी के अध्यक्ष व मत्स्य मंत्री संजय निषाद के बाद सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी इस पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर दोनों में इतनी विसंगित क्यों है।

