लखनऊ। माध्यमिक, उच्च, तकनीकी एवं मेडिकल कॉलेज संयुक्त महासभा के बैनर तले गुरुवार को बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं और पदाधिकारियों ने हजरतगंज योजना भवन के सामने स्थित आयुर्वेद रजिस्ट्रर कार्यालय का घेराव कर प्रदर्शन किया। महासभा के नेतृत्व में प्रदर्शनकारियों ने रजिस्ट्रार कार्यालय के बाहर नारेबाजी की। विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठाए। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को कार्यालय के अंदर जाने से रोक दिया। जिसके बाद काफी देर तक प्रदर्शन जारी रहा।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि प्रदेश में लगभग 350 आयुर्वेद व आयुष के कॉलेज हैं। इनमें लगभग 60 हजार फार्मासिस्ट व जीएन के छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं। महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अजय कुमार शर्मा के बताया कि गुजरे दो साल से परीक्षा नहीं हुई है। इसकी वजह से हजारों छात्र-छात्राओं का भविष्य दांव पर लग गया है। छात्रवृत्ति भी नहीं आ रही है। इससे वंचित विद्यार्थियों को उचित मुआवजा देने की भी मांग की गई। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
प्रदर्शनकारियों ने प्रमुख सचिव आयुष और आयुर्वेद के रजिस्ट्रार को तत्काल हटाने की मांग की। साथ ही हाईकोर्ट के आदेशों का पालन करते हुए आयुष बोर्ड को तुरंत क्रियाशील करने, बोर्ड के उपाध्यक्ष को कार्यभार सौंपने तथा लंबे समय से लंबित परीक्षाएं शीघ्र कराने की मांग उठाई। उन्होंने आयुष मंत्री से मामले में न्यायसंगत फैसला लेने की गुजारिश की।

