वित्त विहीन माध्यमिक स्कूलों के 3.50 लाख शिक्षकों को कैशलेस उपचार की सुविधा जल्द मिलेगी। बुधवार को माध्यमिक शिक्षा विभाग की ओर से शिक्षकों को चिह्नित कर उनका आवेदन कराए जाने के लिए गाइडलाइन जारी कर दी गई।
वित्त विहीन स्कूलों के शिक्षकों व उनके परिवारीजनों को पांच लाख रुपये तक मुफ्त उपचार की सुविधा मिलेगी। शिक्षक इस योजना का लाभ उठाने के लिए http://cmtcts.upsdc-gov पर अपना पंजीकरण कराएंगे।
माध्यमिक शिक्षा विभाग के विशेष सचिव उमेश चंद्र की ओर से मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना के संबंध में दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। यूपी में करीब 25 हजार वित्त विहीन माध्यमिक स्कूलों में 3.50 लाख शिक्षक पढ़ा रहे हैं। शिक्षक खुद व अपने परिवार के सदस्यों का आधार कार्ड के अनुसार इस पर अपना विवरण भरेंगे। शिक्षक के आवेदन फॉर्म का सत्यापन व अनुमोदन प्रथम स्तर परी संबंधित विद्यालय के प्रधानाचार्य करेंगे। प्रधानाचार्य शिक्षक की नियुक्ति नियमानुसार होने व निरंतर कार्यरत होने की स्थिति में आवेदन की जांच कर उसे आगे जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) के अनुमोदन के लिए आगे बढ़ाएंगे।
फिर डीआईओएस की ओर से सत्यापन पूर्ण होने के बाद आवेदन को स्वीकृत किया जाएगा। अगर कोई शिक्षक अपना विद्यालय छोड़ता है तो तत्काल प्रधानाध्यापक इसकी सूचना डीआईओएस को देंगे। फिर डीआईओएस संबंधित शिक्षक को इस योजना से अलग कर देंगे। फिलहाल सरकारी व एडेड माध्यमिक स्कूलों के साथ-साथ वित्त विहीन स्कूलों के शिक्षकों व उनके परिजनों को एक वर्ष में पांच लाख रुपये की कैशलेस उपचार की सुविधा देकर राज्य सरकार ने उन्हें बड़ी राहत दे दी है।
