25 साल तक पढ़ाया, अब खुद देनी पड़ी TET की परीक्षा; शिक्षकों में दिखी नाराजगी, गणित और रीजनिंग ने उलझाया
विशेष TET परीक्षा में 22,125 अभ्यर्थी पंजीकृत, 19,509 ने दी परीक्षा; सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद सेवारत शिक्षकों के लिए आयोजित हुई परीक्षा
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में मंगलवार को विशेष शिक्षक पात्रता परीक्षा (Special TET) का आयोजन किया गया। राजधानी लखनऊ सहित प्रदेश के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर बड़ी संख्या में सेवारत शिक्षकों ने परीक्षा दी। इस परीक्षा में ऐसे शिक्षक भी शामिल हुए, जिन्हें शिक्षा विभाग में सेवा करते हुए 22 से 25 वर्ष तक हो चुके हैं। लंबे समय तक बच्चों को पढ़ाने के बाद अब स्वयं शिक्षक पात्रता परीक्षा देनी पड़ने से कई शिक्षकों में नाराजगी देखने को मिली।
शिक्षकों का कहना था कि नियुक्ति के समय निर्धारित योग्यता और उनके वर्षों के अनुभव को नजरअंदाज करते हुए अब उन्हें TET परीक्षा में शामिल होना पड़ रहा है। उन्नाव में तैनात शिक्षक सुरेश शुक्ला ने बताया कि वह 25 वर्ष पहले सेवा में आए थे। इतने लंबे सेवाकाल के बाद अब परीक्षा देना उचित नहीं लगता। वहीं रायबरेली से आई शिक्षिका महिमा रावत ने बताया कि उनकी सेवा के अभी साढ़े आठ वर्ष शेष हैं, इसके बावजूद उन्हें परीक्षा देनी पड़ी।
22,125 अभ्यर्थियों ने कराया था पंजीकरण
परीक्षा के आंकड़ों के अनुसार कुल 22,125 अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया था। इनमें से 19,509 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए, जबकि 2,616 अनुपस्थित रहे। इस प्रकार कुल उपस्थिति 88.18 प्रतिशत दर्ज की गई।
पहली पाली में 12,472 पंजीकृत अभ्यर्थियों में से 10,871 ने परीक्षा दी। दूसरी पाली में 9,653 पंजीकृत अभ्यर्थियों में से 8,638 अभ्यर्थी उपस्थित रहे। दोनों पालियों में उपस्थिति क्रमशः 87.16 और 89.49 प्रतिशत रही।
परीक्षा सुबह 9:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 2:30 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की गई।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद आयोजित हुई परीक्षा
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार सेवारत शिक्षकों के लिए TET उत्तीर्ण करना अनिवार्य है। इसके लिए वर्ष 2028 तक की समयसीमा निर्धारित की गई है। इसी के तहत बिना TET नियुक्त हुए शिक्षकों को पात्रता हासिल करने का अवसर देने के उद्देश्य से विशेष परीक्षा आयोजित की गई।
गणित और रीजनिंग ने अभ्यर्थियों को उलझाया
परीक्षा देकर बाहर निकले शिक्षकों ने प्रश्नपत्र को लेकर अपनी प्रतिक्रियाएं दीं। अभ्यर्थियों के अनुसार गणित और रीजनिंग के सवाल अपेक्षाकृत कठिन थे।
रमेश कुमार ने गणित और रीजनिंग के प्रश्नों को कठिन बताया। सुनीता शर्मा के अनुसार पर्यावरण अध्ययन और बाल विकास के प्रश्न संतुलित थे। नीलम यादव ने बताया कि प्रश्न NCERT और SCERT की पुस्तकों पर आधारित थे। वहीं राजेश सिंह के मुताबिक रीजनिंग के सवालों ने अभ्यर्थियों को काफी उलझाया।
परीक्षा केंद्र पर फर्जी अभ्यर्थी पकड़ा गया
परीक्षा के दौरान AI कैमरों और इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम के माध्यम से केंद्रों की निगरानी की गई। लखनऊ के बप्पा श्री नारायण वोकेशनल इंटर कॉलेज में दूसरे अभ्यर्थी के स्थान पर परीक्षा दे रहा एक फर्जी परीक्षार्थी पकड़ा गया। आयोग की निगरानी टीम ने आरोपी को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।
इसके अलावा राजकीय जुबिली कॉलेज में सुरक्षा कारणों से देर से पहुंचे 10 शिक्षकों को परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं मिल सका।
विशेष TET परीक्षा के आयोजन ने एक बार फिर सेवारत शिक्षकों की पात्रता, नियुक्ति के समय निर्धारित योग्यता और लंबे अनुभव के बीच संतुलन को लेकर चर्चा तेज कर दी है।
