लखनऊ। प्रदेश में बेसिक व माध्यमिक शिक्षा विभाग के शिक्षकों, शिक्षामित्रों, अनुदेशकों, रसोइयों, विशेष शिक्षक, केजीबीवी वार्डन आदि को जल्द ही कैशलेस चिकित्सा सुविधा मिलने लगेगी। बेसिक व
माध्यमिक शिक्षा विभाग की ओर से इसके लिए पोर्टल तैयार कर 10 लाख से अधिक शिक्षकों व उनके परिजनों के डेटा कलेक्शन के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू कर दिया गया है।
विभाग की ओर से पहले प्रदेश भर के नोडल अधिकारियों को इसका प्रशिक्षण दिया गया। इसी क्रम में आज सभी मण्डलीय सहायक शिक्षा निदेशक बेसिक, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी एवं खंड शिक्षा अधिकारियो को इसकी प्रक्रिया से अवगत कराया गया है।
साथ ही सभी को निर्देश दिया गया है कि रजिस्ट्रेशन को अभियान के रूप में चलाकर प्रक्रिया को 06 जून पूरा करके अवगत कराए। महानिदेशक स्कूल शिक्षा मोनिका रानी ने सभी मण्डलीय शिक्षा निदेशक व बीएसए को इसके लिए निर्देश जारी किए हैं।
उन्होंने बताया है कि निर्धारित पोर्टल पर संबंधित शिक्षक अपना और अपने आश्रितों की जानकारी अपलोड करेंगे। आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद यह सबमिट हो जाएगा। इसके बाद खंड शिक्षा अधिकारी इसको अनुमोदित करेंगे। इसकी जानकारी संबंधित को मैसेज से मिलेगी।
इसके बाद यह बीएसए के पास जाएगा। उनके अनुमोदन करते ही फैमिली आईडी क्रिएट होगी। संबंधित कर्मचारी निर्धारित मोबाइल नंबर से लॉगिन कर अन्य अनौपचारिकता पूरी कर उसे डाउनलोड कर सकेंगे। इसके साथ ही विभाग ने सीएम शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना के कार्ड का सैंपल भी जारी किया है। जानकारी के अनुसार अगले सप्ताह इसके लिए कार्यक्रम आयोजित कर कैशलेस चिकित्सा कार्ड बांटे जाएंगे। हालांकि शिक्षकों का कहना था कि देर शाम तक इसकी साइट काम नहीं कर रही थी।

