27 June 2026

UPTET NEWS: पेपर का सेट परीक्षा से पांच घंटे पहले घोषित होगा, परीक्षा से दो घंटे पहले कक्ष निरीक्षकों की तैनाती

 

दो से चार जुलाई तक प्रदेश के 60 जिलों में होने जा रही उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपी-टीईटी) को लेकर उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग खास सतर्कता बरत रहा है। पिछली बार चार साल पहले नवंबर 2021 में यूपी-टीईटी का प्रश्नपत्र लीक होने के कारण परीक्षा निरस्त करनी पड़ गई थी और परीक्षा नियामक प्राधिकारी कार्यालय की खासी किरकिरी हुई थी। ऐसी किसी भी आशंका को समाप्त करने के लिए इस बार कई कदम उठाए गए हैं।



कई सेट में तैयार किए गए हैं प्रश्न पत्र: चयनआयोग ने प्राथमिक और उच्च स्तर की यूपी-टीईटी के लिए प्रश्नपत्र के कई सेट तैयार कराए हैं। परीक्षा में किन प्रश्नपत्रों के सेट का प्रयोग किया जाएगा, इसकी सूचना परीक्षा के दिन पेपर शुरू होने के पांच घंटे पहले ही दी जाएगी। अपर जिलाधिकारी/नोडल अधिकारी (परीक्षा), कोषाधिकारी और कार्यदायी संस्था के जिला प्रबंधक यह सुनिश्चित करेंगे कि जिस प्रश्नपत्र सेट कोड व ट्रंक लेबल कलर कोड का चयन किया गया है, उस पाली में उसी कलर कोड के ट्रंक में रखे पेपर का वितरण किया जाए।


गौरतलब है कि यूपीटीईटी के लिए पंजीकृत कुल 19,94,661 अभ्यर्थियों के लिए 955 केंद्र बनाए गए हैं।


प्रश्नपत्रों के सभी ट्रंक पर लगे हैं वन टाइम लॉक : प्रश्नपुस्तिकाओं एवं ओएमआर उत्तर-पुस्तिका के ट्रंक पर ‘वन टाइम लॉक’ लगे हैं। प्रत्येक पाली की परीक्षा शुरू होने के 45 मिनट पहले वायर कटर (आरी) से ट्रंक खोले जाएंगे। प्रश्न पुस्तिका भी एक वन टाइम सीलर पारदर्शी पैकेट में रखकर सील की गई है। पूरी सतर्कता बरती जा रही है।


परीक्षा से दो घंटे पहले कक्ष निरीक्षकों की तैनाती


कक्ष निरीक्षकों के परीक्षा कक्ष का आवंटन अभ्यर्थियों के परीक्षा केंद्र पर प्रवेश से 30 मिनट पूर्व स्टैटिक मजिस्ट्रेट की उपस्थिति में रैंडम आधार पर किया जाएगा। केंद्र अधीक्षक रैंडमाइजेशन के बाद कक्ष निरीक्षकों की कक्षावार ड्यूटी लगाएंगे। ओएमआर उत्तरपत्रक में प्रश्न पुस्तिका क्रमांक की प्रविष्टि को न भरने या गलत भरने पर ओएमआर उत्तरपत्रक का मूल्यांकन नहीं किया जाएगा।, जिसके लिए अभ्यर्थी स्वयं जिम्मेदार होगा।


जांच में एक मिनट लगेगा


अभ्यर्थियों के बायोमीट्रिक डेटा (आइरिस स्कैन व फोटोग्राफ) कैप्चरिंग के लिए आवश्यक उपकरणों सहित परीक्षा केंद्र के मुख्य द्वार पर तकनीकी टीमें तैनात की जाएंगी। अभ्यर्थी की जांच के लिए एक मिनट निर्धारित है।