20 July 2026

ब्लॉक प्रमुखों को भी बनाया गया प्रशासक,आदेश जारी




लखनऊ,। यूपी में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव समय पर न हो पाने के कारण निवर्तमान ब्लॉक प्रमुखों को ब्लॉक का प्रशासक नियुक्त कर दिया गया है। रविवार को ब्लॉक प्रमुखों का पांच साल का कार्यकाल खत्म हो रहा था और पंचायती राज विभाग ने इन्हें प्रशासक बनाने का आदेश जारी कर दिया।



रविवार को प्रमुख सचिव, पंचायती राज अनिल कुमार की ओर से जारी किए गए आदेश के मुताबिक क्षेत्र पंचायतों के सामान्य निर्वाचन-2026 के पश्चात संगठित की जाने वाली नई क्षेत्र पंचायत की पहली बैठक या छह महीने जो भी पहले हो उस तक के लिए इन्हें प्रशासक नियुक्त किया गया है। यूपी में कुल 826 ब्लॉक हैं और इन सभी के निवर्तमान ब्लॉक प्रमुखों को ही प्रशासक पद की जिम्मेदारी मिल गई है। पिछले त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के बाद ब्लॉक प्रमुखों की पहली बैठक 20 जुलाई 2021 को हुई थी। ऐसे में रविवार को पांच वर्ष का कार्यकाल पूरा हो गया। पंचायती राज विभाग इससे पहले 26 मई को ग्राम पंचायत प्रधानों व 11 जुलाई को जिला पंचायत अध्यक्षों का कार्यकाल पूरा होने से पहले ही उन्हें प्रशासक नियुक्त किए जाने का आदेश जारी कर दिया था। जिला पंचायत अध्यक्ष, ग्राम प्रधानों के बाद अब निवर्तमान ब्लॉक प्रमुखों को भी प्रशासक पद की जिम्मेदारी भी सौंप दी गई। शर्त यह रहेगी कि यह ब्लॉक प्रमुख भी सिर्फ सामान्य रूटीन कार्य ही प्रशासक के रूप में निपटाएंगे। किसी भी तरह का नीतिगत निर्णय अपने स्तर पर नहीं लेंगे। वह किसी भी नीतिगत मामले से संबंधित प्रस्ताव जिलाधिकारी के माध्यम से शासन को भेजेंगे। शासन स्तर से हरी झंडी मिलने पर ही प्रस्ताव पर अंतिम मुहर लगाई जाएगी। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव कराए जाने को लेकर मामला हाईकोर्ट में लंबित है। मामले में अभी सुनवाई चल रही है। वहीं दूसरी ओर समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग ओबीसी आरक्षण को तय करने के जिलों का दौरा कर रहा है। फिलहाल, उम्मीद जताई जा रही है कि त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव विधानसभा चुनावों के बाद ही कराए जा सकेंगे।