आगरा, शिक्षक का काम केवल पाठ्यक्रम पूरा कराना नहीं, बल्कि बच्चों की परिस्थितियों को समझना, उनकी सीखने की क्षमता को पहचानना और उनमें बेहतर इंसान बनने के संस्कार विकसित करना भी है। शिक्षकों को यह नहीं मानना चाहिए कि वह सब कुछ जानते हैं, बल्कि बदलते समय के साथ उन्हें भी लगातार सीखना होगा। यह कहना है राज्यपाल आनंदी बेन पटेल का। वह डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय में एनसीटीई की ओर से आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय कॉन्क्लेव के उद्घाटन सत्र को संबोधित कर रही थीं।
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राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020, राष्ट्रीय मेंटरिंग मिशन, शिक्षक प्रशिक्षण की गुणवत्ता और डिजिटल संसाधनों के उपयोग पर जोर दिया।

