छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दरें बढ़ीं



छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दरें बढ़ीं
नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। केंद्र सरकार ने लघु बचत योजनाओं पर ब्याज दरों में 0.3 प्रतिशत तक की वृद्धि की है।


अर्थव्यवस्था में इस समय ब्याज दरें मजबूत हो रही हैं, जिसके मद्देनजर सरकार ने यह कदम उठाया है। हालांकि नौकरीपेशा लोगों के बीच लोकप्रिय बचत योजना लोक भविष्य निधि (पीपीएफ) पर ब्याज 7.1 प्रतिशत पर बरकरार रखा गया है।

संशोधन के बाद डाकघर में तीन साल की जमा पर अब 5.8 प्रतिशत ब्याज मिलेगा। अभी तक यह दर 5.5 प्रतिशत थी। इस तरह चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में ब्याज दर में 0.3 फीसदी की वृद्धि होगी।

वित्त मंत्रालय की ओर से बृहस्पतिवार को जारी अधिसूचना में कहा गया है कि अक्टूबर-दिसंबर की तिमाही के लिए वरिष्ठ नागरिक बचत योजना पर अब 7.6 प्रतिशत का ब्याज मिलेगा। गौरतलब है कि अभी तक इस योजना पर 7.4 प्रतिशत ब्याज मिल रहा है।

किसान विकास पत्र के संदर्भ में सरकार ने इसकी अवधि तथा ब्याज दर दोनों में संशोधन किया है। इसके तहत किसान विकास पत्र पर दिया जाने वाला ब्याज अब 7.0 प्रतिशत होगा जो पहले 6.9 प्रतिशत था। अब यह 124 महीने के बजाए 123 महीने में परिपक्व होगा।

भारतीय रिजर्व बैंक मई से प्रमुख नीतिगत दर रेपो में 1.4 प्रतिशत की वृद्धि कर चुका है।

पीपीएफ पर ब्याज 7.1 प्रतिशत, सुकन्या समृद्धि योजना पर भी ब्याज दर 7.6 प्रतिशत पर बरकरार रखा गया है। पांच साल की रेकरिंग जमा पर ब्याज पहले की तरह 5.8 प्रतिशत मिलेगा।