21 July 2026

69000 शिक्षक भर्ती : 21 को सुप्रीम कोर्ट में अहम सुनवाई

 

प्रदेश के परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों में 69000 सहायक अध्यापक भर्ती में आरक्षण विसंगति मामले में सुप्रीम कोर्ट में 21 जुलाई को महत्वपूर्ण सुनवाई होगी। इस मामले की सुनवाई जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस शील नागू की पीठ करेगी। पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार को हाईकोर्ट के आदेशानुसार एक पारदर्शी मूल चयन सूची और प्रस्ताव तैयार करने के लिए छह हफ्ते का समय दिया था। 21 जुलाई को सरकार को नया प्रस्ताव और पीड़ित अभ्यर्थियों को नियुक्ति देने से जुड़ा अपना अगला कदम स्पष्ट करना है。



आरक्षण विवाद के कारण लंबित है एक अंक का मामला

भर्ती का एक और मुख्य मामला बीते साढ़े तीन वर्षों से विभागीय स्तर पर लंबित है। छह जनवरी 2019 को हुई इस परीक्षा में ‘शैक्षिक परिभाषा’ वाले एक विवादित प्रश्न के चारों विकल्प गलत होने पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 25 अगस्त 2021 और फिर सुप्रीम कोर्ट ने नौ नवंबर 2022 को एक अंक से पास हो रहे अभ्यर्थियों को नियुक्ति देने का आदेश दिया था। एक अंक से नियुक्ति से वंचित अभ्यर्थी दुर्गेश शुक्ला ने बताया कि सचिव परीक्षा नियामक प्राधिकारी कार्यालय की ओर से 11 से 19 जनवरी 2023 तक लिए गए ऑनलाइन प्रत्यावेदन में कुल 2249 अभ्यर्थी इस एक अंक के हकदार पात्र पाए गए थे। हालांकि सुप्रीम कोर्ट की ओर से इस पर कोई रोक नहीं है, फिर भी आरक्षण विवाद की आड़ में यह प्रक्रिया विभागीय स्तर पर ठप पड़ी है। 21 जुलाई को होने वाली सुनवाई पर इन सभी पीड़ितों की नजरें भी टिकी हैं।