यूपी बोर्ड के स्कूलों में पिछले साल जुलाई में छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों की ऑनलाइन उपस्थिति वेब पोर्टल- मोबाइल ऐप के माध्यम से अनिवार्य किए जाने के 14 महीने बावजूद लापरवाही पर सख्ती शुरू हो गई है। यूपी बोर्ड के सचिव भगवती सिंह ने प्रदेशभर के उन 33 डीआईओएस के खिलाफ कार्रवाई की संस्तुति शासन से की है जिन जिलों के दस प्रतिशत से भी कम स्कूल वर्तमान शैक्षिक सत्र में ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कर रहे है। साथ ही सचिव ने संबंधित जिलों के डीआईओएस को छह दिनों के अंदर सभी राजकीय, अशासकीय सहायता प्राप्त एवं स्ववित्तपोषित विद्यालयों में शत-प्रतिशत ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं।
इन 33 जिलों में और भदोही के 196 स्कूलों में से कोई ऑनलाइन उपस्थिति नहीं दे रहा है। इसके अलावा उन्नाव, मिरजापुर, फरुर्खाबाद, सहारनपुर, गोण्डा, प्रयागराज, चित्रकूट, चंदौली, कानपुर नगर, मैनपुरी, सिद्धार्थनगर, आगरा, बलिया सोनभद्र, हमीरपुर, आजमगढ़, कौशाम्बी, कानपुर देहात, जौनपुर, सुल्तानपुर, फतेहपुर, गाजीपुर, हाथरस, बुलंदशहर, लखनऊ, बांदा, हरदोई, अलीगढ़, फिरोजाबाद, बहराइच, देवरिया एवं गोरखपुर में 10 प्रतिशत अथवा उससे भी कम विद्यालय ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कर रहे हैं। इसे बोर्ड के निर्देशों की अवहेलना एवं शिथिल पर्यवेक्षण का परिणाम मानते हुए सचिव ने कार्रवाई के लिए पत्र लिखा है।
डिफाल्टर जिलों की सूची में प्रयागराज भी शामिल
जिन 33 जिलों में दस प्रतिशत से भी कम स्कूल ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं उनमें प्रयागराज का नाम भी शामिल है जहां यूपी बोर्ड का मुख्यालय और क्षेत्रीय कार्यालय दोनों मौजूद है। जिले के 1110 स्कूलों में केवल 17 (1.53 प्रतिशत) ने ऑनलाइन उपस्थिति अपलोड की है। उन्नाव के 417 स्कूलों में दो (0.48 फीसदी), मिर्जापुर 308 स्कूलों में तीन (0.97 प्रतिशत), फर्रुखाबाद 283 स्कूलों में तीन (1.06 फीसदी) और सहारपुर 351 स्कूलों में चार (1.14 प्रतिशत) ऑनलाइन उपस्थिति उपलब्ध करा रहे हैं।
प्री प्राइमरी से इंटरमीडिएट तक एक ही छत के नीचे पढ़ाई
उधर, यूपी में प्री-प्राइमरी से इंटरमीडिएट तक की पढ़ाई एक ही छत के नीचे कराए जाने के लिए मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट स्कूल बनाए जा रहे हैं। पूरे प्रदेश में कुल 176 स्कूल बनेंगे। जिलों में अब मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट स्कूल बनाने के लिए धनराशि जारी की जा रही है। मथुरा के बल्देव में कुल 24.78 करोड़ रुपए की लागत से विद्यालय बनाया जाएगा। पहली किश्त के रूप में 12.39 करोड रुपए की धनराशि जारी की गई है। ऐसे ही सीतापुर के सिधौली में मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट स्कूल कुल 24.91 करोड़ रुपए की लागत से बनेगा। पहली किश्त के रूप में 12.45 करोड़ रुपए की धनराशि जारी की गई है।

