उत्तर प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एंटी करप्शन टीम ने सदर तहसील में तैनात एक लेखपाल को पांच हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को पुलिस अपने साथ कोतवाली ले गई। वहीं कार्रवाई की सूचना मिलते ही लेखपाल संघ से जुड़े उसके साथी कोतवाली पहुंच गए और एंटी करप्शन टीम के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
एंटी करप्शन टीम के अनुसार, इज्जतनगर क्षेत्र के कर्मपुर चौधरी गांव निवासी वली मोहम्मद ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके 171 वर्ग गज के प्लॉट की दाखिल-खारिज प्रक्रिया पूरी कराने के बदले राजस्व लेखपाल विपिन पटेल पांच हजार रुपये की मांग कर रहा है। शिकायत की पुष्टि होने के बाद टीम ने ट्रैप बिछाया।
मंगलवार शाम करीब 5 बजे एंटी करप्शन थाना प्रभारी प्रवीण सान्याल के नेतृत्व में टीम ने तहसील सदर स्थित कार्यालय में छापा मारकर लेखपाल विपिन पटेल को शिकायतकर्ता से रिश्वत लेते हुए पकड़ लिया। आरोपी मूल रूप से पीलीभीत जिले के बिलसंडा थाना क्षेत्र के औड़ाझार गांव का रहने वाला है और वर्तमान में बिथरी चैनपुर की सनराइज कॉलोनी में रह रहा था। वह महेशपुर शिव सिंह क्षेत्र में राजस्व लेखपाल के पद पर तैनात था।
गिरफ्तारी के बाद जैसे ही एंटी करप्शन टीम आरोपी लेखपाल को कोतवाली लेकर पहुंची, उसके समर्थन में कई लेखपाल वहां पहुंच गए और कार्रवाई को लेकर विरोध जताने लगे। उन्होंने एंटी करप्शन टीम पर जबरन फंसाने का आरोप लगाया। हालांकि कोतवाली इंस्पेक्टर राजीव सिंह ने समझाकर स्थिति को शांत कराया। मामले में आरोपी लेखपाल विपिन पटेल के खिलाफ रिश्वतखोरी की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।

