प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस शिक्षा को नई दिशा देने और शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका तो निभा सकता है लेकिन यह शिक्षकों का विकल्प कभी नहीं बन सकता। एआई को लेकर रोजगार समाप्त होने की आशंका जताई जा रही है, लेकिन तकनीक के विकास के साथ रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। एआई को चुनौती के बजाय अवसर के रूप में स्वीकार करने की जरूरत है।
इंस्पिरेशन एकेडमिक कंसल्टेंट्स की ओर से आयोजित ‘शिक्षक संवाद’ कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री ने कहा कि भारत की शिक्षा परंपरा अत्यंत समृद्ध रही है। तक्षशिला और नालंदा शैक्षिक विरासत के प्रतीक हैं। डिप्टी सीएम ने कहा कि आज उत्तर प्रदेश में मेडिकल शिक्षा के क्षेत्र में 83 मेडिकल कॉलेज पूरी क्षमता से काम कर रहे हैं।
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