12 June 2026

माध्यमिक विद्यालयों के 23,123 रिक्त पदों पर पुरानी नियमावली से भर्ती की मांग, युवा मंच ने शुरू किया आंदोलन

माध्यमिक विद्यालयों के 23,123 रिक्त पदों पर पुरानी नियमावली से भर्ती की मांग, युवा मंच ने शुरू किया आंदोलन

प्रयागराज। प्रदेश के माध्यमिक विद्यालयों में लंबे समय से खाली पड़े 23,123 पदों पर भर्ती की मांग को लेकर युवा मंच ने आंदोलन शुरू कर दिया है। संगठन ने बुधवार को पत्थर गिरजाघर धरना स्थल पर धरना-प्रदर्शन कर पुरानी नियमावली के तहत भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की मांग उठाई।

मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को भेजा ज्ञापन

युवा मंच के प्रदेश अध्यक्ष अनिल सिंह ने मुख्यमंत्री, माध्यमिक शिक्षा मंत्री और प्रमुख सचिव माध्यमिक शिक्षा को प्रशासन के माध्यम से ज्ञापन भेजा है। ज्ञापन में मांग की गई है कि अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में नई नियमावली लागू न की जाए और भर्ती प्रक्रिया को पूर्व में लागू नियमों के आधार पर पूरा किया जाए।

पुरानी नियमावली से भर्ती कराने की मांग

संगठन का कहना है कि रिक्त पदों पर भर्ती पूर्व प्रचलित नियमावली के अनुसार की जानी चाहिए। युवा मंच के संयोजक संगीत पाल ने कहा कि भर्ती नियमों में अचानक बदलाव से लाखों युवाओं के रोजगार पर संकट खड़ा हो सकता है।

उन्होंने कहा कि अभ्यर्थी लंबे समय से शिक्षक भर्ती का इंतजार कर रहे हैं और नियमावली में बार-बार बदलाव होने से युवाओं में असमंजस की स्थिति पैदा हो रही है।

युवाओं में बढ़ रही नाराजगी

धरने में शामिल युवाओं ने सरकार से जल्द भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की मांग की। उनका कहना है कि हजारों पद वर्षों से खाली पड़े हैं, जिससे विद्यालयों में शिक्षण व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है। रिक्त पदों को भरने से जहां युवाओं को रोजगार मिलेगा, वहीं विद्यालयों में शिक्षकों की कमी भी दूर होगी।

बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रहे मौजूद

आंदोलन के दौरान अखिलेश वर्मा, बुंदेल सिंह, शहजाद आलम, शोभित चौबे, सरजू कुमार सोनी, राजेंद्र वर्मा, कपिल देव वर्मा, अनिल कुमार सिंह, बृजेश पांडेय, गंगा प्रसाद सिंह, आरती सिंह, अनीता यादव, रिंकी चौहान, सुमन यादव, अनुज कटियार, नेहा सिंह, ममता पटेल, प्रियंका पांडे, जितेंद्र चतुर्वेदी, वीरेंद्र यादव, विपिन पाल और संदीप पाल सहित बड़ी संख्या में युवा मंच के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।

युवा मंच ने चेतावनी दी है कि यदि रिक्त पदों पर पुरानी नियमावली के अनुसार भर्ती प्रक्रिया जल्द शुरू नहीं की गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।