गंभीर बीमारी और दिव्यांग शिक्षकों को Transfer में मिलेगी Priority
ग्रेटर नोएडा। परिषदीय स्कूलों के शिक्षकों के लिए बड़ी राहत की खबर है। अब शिक्षकों का Inter-District Transfer (दूसरे जनपद में स्थानांतरण) संभव हो सकेगा। इसके लिए Online/Offline Application Process शुरू कर दी गई है। हालांकि, Transfer पाने के लिए शिक्षकों को ठोस और वैध कारण बताना होगा।
Basic Education Department द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार Serious Illness (गंभीर बीमारी), Disability (दिव्यांगता) या अन्य विशेष परिस्थितियों से जूझ रहे शिक्षकों को Transfer में प्राथमिकता दी जाएगी। इसके अलावा ऐसे शिक्षक जिनके अविवाहित पुत्र या पुत्री गंभीर बीमारी अथवा दिव्यांगता से प्रभावित हैं, उन्हें भी विशेष वरीयता प्रदान की जाएगी।
Medical Documents लगाना होगा जरूरी
Transfer के लिए आवेदन करने वाले शिक्षकों को अपने आवेदन के साथ संबंधित Medical Records, Medical Certificate तथा सक्षम समिति की Recommendation (संस्तुति) भी संलग्न करनी होगी। विभागीय स्तर पर गठित Screening Committee प्रत्येक आवेदन की गहन जांच करेगी, जिसके बाद अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
लंबे समय से था इंतजार
Basic Education Department के शिक्षक काफी समय से Inter-District Transfer Policy का इंतजार कर रहे थे। अब दिशा-निर्देश जारी होने के बाद शिक्षकों में खुशी का माहौल है।
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष प्रवीण शर्मा ने बताया कि शिक्षक लंबे समय से स्थानांतरण प्रक्रिया शुरू होने की प्रतीक्षा कर रहे थे। वहीं BSA राहुल पंवार ने जानकारी दी कि इच्छुक शिक्षक निर्धारित प्रक्रिया के तहत कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं।
विशेष परिस्थितियों वाले शिक्षकों को राहत
नई Transfer Policy से विशेष रूप से उन शिक्षकों को राहत मिलने की उम्मीद है जो स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं, दिव्यांगता या पारिवारिक परिस्थितियों के कारण लंबे समय से अपने गृह जनपद अथवा सुविधाजनक स्थान पर स्थानांतरण की मांग कर रहे थे।

