पुलिस भर्ती परीक्षा में पास कराने का झांसा देकर लाखों की ठगी, STF ने दो आरोपियों को किया गिरफ्तार
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती परीक्षा-2025 में अभ्यर्थियों को पास कराने का झांसा देकर मोटी रकम वसूलने वाले गिरोह के दो सदस्यों को STF (स्पेशल टास्क फोर्स) ने गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को जौनपुर के मुंगराबादशाहपुर क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया।
बिहार और जौनपुर के आरोपी गिरफ्तार
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राजू कुमार मांझी (निवासी सिवान, बिहार) और छोटे लाल यादव (निवासी बेड़गांव, जौनपुर) के रूप में हुई है। STF ने आरोपियों के कब्जे से 21 प्रवेश पत्र (Admit Card), दो मोबाइल फोन, चेक, आधार कार्ड तथा चार अंकपत्र प्रतियां बरामद की हैं।
अभ्यर्थियों को पास कराने का देते थे लालच
पूछताछ में आरोपी राजू कुमार मांझी ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर पुलिस भर्ती समेत अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों को पास कराने का लालच देता था। गिरोह के सदस्य अभ्यर्थियों से संपर्क कर उनके प्रवेश पत्र जुटाते थे और उन्हें परीक्षा में सफल कराने का दावा करते थे।
आरोपियों द्वारा वसूली गई रकम को गिरोह के सदस्यों के बीच आपस में बांट लिया जाता था।
WhatsApp Chat से हुआ खुलासा
STF की जांच के दौरान आरोपियों के WhatsApp Chats से कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आईं। जांच टीम को आरोपियों के मोबाइल फोन में 13 चैट्स मिलीं, जिनमें अभ्यर्थियों को पास कराने और रकम के लेन-देन से संबंधित बातचीत दर्ज थी।
इन चैट्स को STF ने अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।
पहले भी दर्ज हो चुका है धोखाधड़ी का मुकदमा
STF जांच में यह भी सामने आया कि आरोपियों के खिलाफ पहले भी नौकरी दिलाने के नाम पर धोखाधड़ी का मामला दर्ज हो चुका है। जौनपुर के थाना मुंगराबादशाहपुर में उनके विरुद्ध पहले से मुकदमा दर्ज होने की जानकारी मिली है।
अभ्यर्थियों से सतर्क रहने की अपील
STF ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं से अपील की है कि वे किसी भी व्यक्ति या गिरोह के झांसे में न आएं। किसी भी भर्ती परीक्षा में चयन केवल योग्यता और परीक्षा प्रदर्शन के आधार पर होता है। पास कराने या नौकरी दिलाने के नाम पर पैसे मांगने वाले लोगों की सूचना तुरंत पुलिस या STF को दें।

