TET से राहत की मांग तेज: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मिला टीचर फेडरेशन ऑफ इंडिया का प्रतिनिधिमंडल, कानून में संशोधन की उठाई मांग
लखनऊ/नई दिल्ली। टीचर फेडरेशन ऑफ इंडिया (TFI) के एक प्रतिनिधिमंडल ने रक्षा मंत्री एवं लखनऊ सांसद राजनाथ सिंह से मुलाकात कर शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) से प्रभावित शिक्षकों को राहत देने की मांग उठाई। संगठन ने केंद्र सरकार से मानसून सत्र में आवश्यक कानूनी संशोधन कर लंबे समय से कार्यरत शिक्षकों को राहत देने का अनुरोध किया।
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रक्षा मंत्री से हुई महत्वपूर्ण मुलाकात
प्रतिनिधिमंडल ने रक्षा मंत्री को बताया कि देशभर में बड़ी संख्या में ऐसे शिक्षक हैं, जो वर्षों से सेवा दे रहे हैं लेकिन TET अनिवार्यता के कारण विभिन्न प्रशासनिक और सेवा संबंधी समस्याओं का सामना कर रहे हैं।
संगठन ने मांग की कि संसद के आगामी मानसून सत्र में आवश्यक संशोधन लाकर कार्यरत शिक्षकों को राहत प्रदान की जाए।
TFI ने क्या रखीं प्रमुख मांगें?
टीचर फेडरेशन ऑफ इंडिया ने रक्षा मंत्री के समक्ष निम्नलिखित प्रमुख मांगें रखीं—
- लंबे समय से कार्यरत शिक्षकों को TET अनिवार्यता से राहत दी जाए।
- आवश्यक होने पर संबंधित कानून में संशोधन किया जाए।
- राज्यों में कार्यरत प्रभावित शिक्षकों के हितों की रक्षा सुनिश्चित की जाए।
- शिक्षक सेवा से जुड़े लंबित मामलों का समाधान किया जाए।
संगठन का दावा
TFI के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. दिनेश चंद्र शर्मा ने कहा कि यदि केंद्र सरकार आवश्यक संशोधन करती है तो उत्तर प्रदेश के लगभग 1.80 लाख तथा देशभर के करीब 20 लाख शिक्षकों को राहत मिल सकती है।
उन्होंने बताया कि प्रतिनिधिमंडल ने रक्षा मंत्री को पूरे मामले की विस्तृत जानकारी दी और शिक्षकों की समस्याओं से अवगत कराया।
रक्षा मंत्री ने क्या कहा?
संगठन के अनुसार, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने प्रतिनिधिमंडल की बात गंभीरता से सुनी और मामले पर सकारात्मक विचार करने का आश्वासन दिया।
महत्वपूर्ण: यह समाचार संबंधित संगठन के दावों और मीडिया रिपोर्ट पर आधारित है। TET नियमों में किसी भी प्रकार का बदलाव या छूट तभी प्रभावी होगी जब केंद्र/संबंधित सरकार या सक्षम प्राधिकरण द्वारा आधिकारिक अधिसूचना जारी की जाएगी।

