24 May 2026

फर्जी हस्ताक्षर कर गैरहाजिर शिक्षक, स्कूल में डला था ताला, प्रधानाध्यापक निलंबित; पूरे स्टाफ का वेतन रोका

 

आगरा, बेसिक शिक्षा विभाग ने लापरवाही, गैरहाजिरी और फर्जीवाड़े के मामलों में प्रधानाध्यापक और एक सहायक अध्यापक को निलंबित कर दिया है। प्राथमिक विद्यालय शेरपुर में निरीक्षण के दौरान स्कूल के मुख्य गेट पर ताला लटका मिलने और बच्चों के गेट फांदकर अंदर जाते मिलने पर प्रधानाध्यापक के खिलाफ कार्रवाई की गई। वहीं प्राथमिक विद्यालय कछपुरा में तैनात सहायक अध्यापक पर फर्जी चिकित्सीय अवकाश लेने, बिना सूचना अनुपस्थित रहने पर बीएसए ने निलंबन के आदेश जारी किए हैं। दोनों मामलों में विभागीय जांच बैठा दी गई है और संबंधित स्टाफ पर भी कार्रवाई की गई है।

 



 

सैंया विकास खंड के प्राथमिक विद्यालय शेरपुर का निरीक्षण 12 मई को खंड विकास अधिकारी सैंया ने किया था। सुबह करीब 8:30 बजे विद्यालय के मुख्य गेट पर ताला लटका मिला। गेट छोटा होने के कारण बच्चे ऊपर चढ़कर स्कूल परिसर में प्रवेश कर रहे थे। मौके पर मौजूद प्रधानाध्यापक एवं प्रभारी प्रधानाध्यापक जितेंद्र पिप्पल के पास विद्यालय की चाबी तक नहीं थी।

 

निरीक्षण अधिकारियों को बाउंड्री फांदकर अंदर जाना पड़ा। बाद में अन्य स्टाफ भी विद्यालय पहुंचा। मामले को गंभीर लापरवाही मानते हुए मुख्य विकास अधिकारी की संस्तुति पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी जितेंद्र कुमार गोंड ने प्रधानाध्यापक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। साथ ही विद्यालय के अन्य स्टाफ का 12 मई का वेतन और मानदेय रोक दिया गया। मामले की जांच खंड शिक्षा अधिकारी शमसाबाद जगत सिंह राजपूत को सौंपी गई है।

 


उधर, प्राथमिक विद्यालय कछपुरा में तैनात सहायक अध्यापक लोकेश बाबू पर भी विभाग ने कड़ी कार्रवाई की है। 18 अप्रैल को हुए निरीक्षण में शिक्षक बिना सूचना अनुपस्थित मिले थे। जांच में फर्जी तरीके से चिकित्सीय अवकाश लेने और उपस्थिति पंजिका में बोर्ड परीक्षा ड्यूटी के फर्जी हस्ताक्षर करने की बात सामने आई। बीएसए ने बताया कि संबंधित शिक्षक की कोई परीक्षा ड्यूटी लगाई ही नहीं गई थी। इससे पहले अक्तूबर 2025 में भी उन्हें चेतावनी दी गई थी, लेकिन सुधार न होने पर उन्हें निलंबित कर पूर्व माध्यमिक विद्यालय नगला छाहरी से संबद्ध किया है। मामले की जांच बाह के खंड शिक्षा अधिकारी अमरनाथ को सौंपी गई है।