08 June 2026

एनपीएस खाता तुरंत खुलेगा: पेंशन कोष नियामक पीएफआरडीए ने नया ‘स्टार एनपीएस’ मंच शुरू किया

 पेंशन नियामक संस्था पीएफआरडीए ने राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (एनपीएस) में नए ग्राहकों को जोड़ने की प्रक्रिया को आसान बना दिया है। इसके लिए नए डिजिटल मंच ‘स्टार एनपीसी’ की शुरुआत की गई है। इसका उद्देश्य एनपीएस खाते खोलने की प्रक्रिया को तेज, सरल और पूरी तरह ऑनलाइन बनाना है।



अब तक एनपीएस में शामिल होने के लिए कई चरणों में दस्तावेज सत्यापन और पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी करनी पड़ती थी। स्टार एनपीएस के जरिए यह काम डिजिटल माध्यम से पूरी तरह कागज रहित हो जाएगा। इस मंच को बीएसई टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड (बीटीपीएल) ने विकसित किया है। फिलहाल, इस सुविधा का लाभ अधिकृत सेवा केंद्रों (पीओपी) और पेंशन एजेंटों के जरिए उठाया जा सकेगा।


क्या है स्टार एनपीएस : यह मंच के जरिए एनपीएस में रजिस्ट्रेशन की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन होगी। इसमें ग्राहकों का सत्यापन केंद्रीय केवाईसी या डिजिलॉकर के जरिए ऑनलाइन किया जाएगा। इससे कागजी दस्तावेजों की जरूरत काफी कम हो जाती है और प्रक्रिया तेज हो जाती है। ये मंच सेंट्रल रिकॉर्डकीपिंग एजेंसी (सीआरए) और ट्रस्टी बैंक के साथ सीधे जुड़ा हुआ है। जैसे ही ग्राहक अपनी जरूरी औपचारिकताएं पूरी कर पहला योगदान जमा करेगा, राशि सीधे ट्रस्टी बैंक को ट्रांसफर हो जाएगी। भुगतान की पुष्टि होते ही सीआरए प्रणाली द्वारा तुरंत स्थायी सेवानिवृत्ति खाता संख्या (प्रान नंबर) जारी कर दिया जाएगा।


इतना शुल्क देना होगा

स्टार एनपीएस के जरिए नया खाता खोलने के लिए 200 रुपये और लागू टैक्स का भुगतान करना होगा। हालांकि, पीएफआरडीए ने साफ किया है कि पंजीकरण के समय इस निर्धारित शुल्क के अलावा ग्राहकों से कोई भी अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जा सकता। इसके अलावा मंच के इस्तेमाल के लिए अगर कोई अन्य शुल्क होगा, तो वह संबंधित अधिकृत केंद्रों द्वारा वहन किया जाएगा।


कौन कर सकता है इस मंच का उपयोग

यह डिजिटल सुविधा वर्तमान में सिर्फ भारत में रहने वाले नागरिकों के लिए उपलब्ध है। इसका लाभ उठाने के लिए उम्र सीमा 18 साल से लेकर 85 वर्ष के बीच होनी चाहिए। इस मंच का इस्तेमाल करने के लिए अधिकृत सेवा केंद्रों (पीओपी) को बीटीपीएल के साथ एक समझौता करना होगा।


हालांकि, ग्राहकों से जुड़ी सभी जरूरी नियम और कानूनी जिम्मेदारियां पहले की तरह ही इन सेवा केंद्रों और अधिकृत पेंशन एजेंट की रहेंगी। आने वाले समय में इस मंच के पर कई और नई सेवाएं भी जोड़ी जाएंगी।


निवेशकों को मिलेगा फायदा

पेंशन क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों के अनुसार, इस नई प्रणाली की सबसे बड़ी खासियत यह है कि निवेशकों को अपने पसंदीदा पेंशन कोष प्रबंधक मैनेजर, निवेश विकल्प और निवेश वितरण चुनने की पूरी स्वतंत्रता मिलेगी। यानी डिजिटल प्रक्रिया होने के बावजूद निवेशक अपने निवेश संबंधी फैसले खुद ले सकेंगे।


ग्रामीण क्षेत्रों पर पहुंच होगी

200 रूपये शुल्क देना होगा स्टार एनपीएस प्लेटफॉर्म के माध्यम से नया खाता खुलवाने पर


विशेषज्ञों का मानना है कि स्टार एनपीएस से लोगों के लिए पेंशन योजना से जुड़ना पहले से कहीं आसान हो जाएगा। छोटे शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों के लोग भी डिजिटल माध्यम से आसानी से खाता खुलवा सकेंगे। दस्तावेज जमा करने और सत्यापन में लगने वाला समय कम होगा तथा आवेदन में होने वाली त्रुटियां भी घटेंगी। इसके अलावा ग्राहक अपनी सुविधा के अनुसार पेंशन फंड और निवेश योजना चुन सकेंगे, जिससे रिटायरमेंट योजना अधिक व्यक्तिगत और पारदर्शी बनेगी।