नई दिल्ली, संसद में सोमवार को सरकार पेपर लीक संशोधन विधेयक पेश कर सकती है ,लेकिन इससे पहले विपक्ष ने नई शर्तें रख दी हैं। कांग्रेस छात्रों पर बल प्रयोग के खिलाफ सख्त कार्रवाई एवं प्रधानमंत्री से माफी की मांग कर रही है।
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर विपक्ष के इरादे साफ कर दिए हैं। दो पेज के पत्र में उन्होंने शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर बर्बर हमले की जवाबदेही तय करने की मांग की है। उन्होंने पूछा है कि पैलेट गन के प्रयोग की इजाजत किसने दी थी। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र के लिए शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन महत्वपूर्ण हैं। प्रदर्शनकारियों की रक्षा करना एवं बातचीत के माध्यम से उनकी शिकायतों का समाधान करना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि क्रूर हिंसा सभी मर्यादाओं को लांघ देती है। युवा और छात्र जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।
कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने कहा कि पेपर लीक संशोधन विधेयक और संसद में रणनीति पर अंतिम फैसला सोमवार को राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे की अध्यक्षता में होने वाली बैठक में लिया जाएगा। इसमें इंडिया गठबंधन के घटक दलों के संसदीय दल के नेता और सांसद भी हिस्सा लेंगे।

