31 August 2026

कम करें स्क्रीन टाइम, किताबों से जोड़ें नाता: पार्थ सारथी

 

कम करें स्क्रीन टाइम, किताबों से जोड़ें नाता: पार्थ सारथी

प्रयागराज। शिक्षा निदेशालय में रविवार को राज्यस्तरीय पठन संस्कृति उत्सव ‘स्क्रीन से पन्नों की ओर’ आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि अपर मुख्य सचिव (माध्यमिक एवं बेसिक) पार्थ सारथी सेन शर्मा ने बच्चों से स्क्रीन पर बिताया जाने वाला समय कम करने और किताबों से नाता जोड़ने के साथ समाचार-पत्रों को नियमित रूप से पढ़ने की आदत विकसित करने की अपील की।

मुख्य अतिथि ने नव निर्मित सार्वजनिक पुस्तकालय का फीता काटकर उद्घाटन भी किया। कार्यक्रम तीन सत्रों में आयोजित हुआ। पहले सत्र में मेहनत से सफलता और सामान्य ज्ञान पर चर्चा हुई, जबकि दूसरे सत्र में समाचार-पत्र पढ़ने की उपयोगिता पर विचार रखे गए।

बच्चों को सुनाई अपनी सक्सेस स्टोरी

पार्थ सारथी सेन शर्मा ने बच्चों के साथ अपनी सक्सेस स्टोरी साझा की। उन्होंने बताया कि जब वह आईआईपीएस की तैयारी कर रहे थे, उस समय नौकरी करना चाहते थे। उन्होंने बच्चों से कहा कि सफल होने के लिए किस्मत के साथ मेहनत भी जरूरी है। किस्मत हमेशा हमारे हाथ में नहीं होती, लेकिन मेहनत हमारे हाथ में होती है। इसलिए मेहनत करके सफलता हासिल की जा सकती है।

किताबों का महत्व और सम्मान

अपर मुख्य सचिव ने कहा कि लोग आनंद के लिए पढ़ें, सिर्फ अंकों के लिए नहीं। उन्होंने कहा कि घर और विद्यालय में किताबों के लिए एक स्थान होना जरूरी है। पुस्तकों से जुड़ाव व्यक्ति के ज्ञान, चिंतन और व्यक्तित्व विकास को समृद्ध करता है।

कार्यक्रम में राजा राम मोहन राय लाइब्रेरी फाउंडेशन, कोलकाता के पूर्व महानिदेशक कैके बनर्जी को भी सम्मानित किया गया।

टीजीटी-पीजीटी अभ्यर्थियों ने उठाई मांग

कार्यक्रम के दौरान युवा मंच के एक प्रतिनिधिमंडल ने अपर मुख्य सचिव से मुलाकात कर टीजीटी-पीजीटी भर्ती की पुरानी नियमावली बहाल करने की मांग की। प्रतिनिधिमंडल में विजय शंकर अवस्थी, अनिल सिंह, अमित पांडे और दीपा सिंह समेत अन्य पदाधिकारी शामिल रहे।

अपर मुख्य सचिव ने स्पष्ट किया कि सरकार एनसीटीई की गाइडलाइन के अनुसार ही कार्रवाई करेगी।

लेखकों से हुआ संवाद

कार्यक्रम में लेखिका नीलम शरण गौर के साथ ‘लेखक से संवाद’ कार्यक्रम भी हुआ, जिसका संचालन चंद्र प्रकाश ने किया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. प्रभाकर त्रिपाठी ने किया।

इस अवसर पर सचिव बेसिक शिक्षा परिषद सुरेंद्र कुमार तिवारी, अपर शिक्षा निदेशक माध्यमिक कामता राम पाल, यूपी बोर्ड के सचिव भगवती सिंह, बीएसए अनिल कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।