28 August 2026

कस्तूरबा स्कूलों की छात्राएं ई-विद्या से बढ़ाएंगी ज्ञान, डिजिटल शिक्षा का दायरा बढ़ाने के निर्देश

कस्तूरबा स्कूलों की छात्राएं ई-विद्या से बढ़ाएंगी ज्ञान, डिजिटल शिक्षा का दायरा बढ़ाने के निर्देश

जौनपुर। कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में छात्राओं को डिजिटल शिक्षा से जोड़ने की पहल तेज कर दी गई है। स्कूलों में स्मार्ट टीवी को डीटीएच के माध्यम से जोड़कर ई-विद्या के शैक्षिक चैनलों का लाभ छात्राओं तक पहुंचाया जाएगा। राज्य परियोजना कार्यालय की ओर से इस संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं।


पांच कस्तूरबा स्कूलों में 500 छात्राएं पंजीकृत

जिले में कुल पांच कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय संचालित हैं। इनमें भदोही, जौनपुर, ओईरी, डीह और सुरियावां ब्लॉक के विद्यालय शामिल हैं। समाचार के अनुसार इन विद्यालयों में करीब 500 बालिकाएं पंजीकृत हैं।

छात्राओं को डिजिटल शिक्षा से जोड़ने के लिए पिछले वर्ष सभी कस्तूरबा विद्यालयों में डिजिटल कक्षाओं की व्यवस्था की गई थी। अब इन डिजिटल कक्षाओं को डीटीएच से जोड़ने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।

स्कूल टाइम के बाद भी मिल सकेगी शैक्षिक सामग्री

ई-विद्या के माध्यम से छात्राओं को स्कूल की नियमित शैक्षिक गतिविधियों के अतिरिक्त भी पढ़ाई से संबंधित सामग्री उपलब्ध हो सकेगी। समाचार के अनुसार शिक्षा विभाग की ओर से ई-विद्या के पांच चैनल शैक्षिक गतिविधियों से संबंधित शुरू किए गए हैं।

इन चैनलों के माध्यम से छात्राएं शिक्षा से जुड़ी सामग्री देखकर अपना ज्ञान बढ़ा सकेंगी और विभिन्न विषयों की जानकारी प्राप्त कर सकेंगी।

स्मार्ट टीवी को डीटीएच से जोड़ने के निर्देश

बीएसए शिवम पांडेय के अनुसार सभी कस्तूरबा विद्यालयों में लगे स्मार्ट टीवी को डीटीएच से जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं। इसका उद्देश्य छात्राओं को बेहतर शैक्षिक सामग्री उपलब्ध कराना है।

राज्य परियोजना कार्यालय के निर्देश के अनुसार स्मार्ट टीवी को डीटीएच से जोड़ने का एक उद्देश्य यह भी है कि विद्यालय समय समाप्त होने के बाद भी छात्राएं ज्ञानवर्धक कार्यक्रम देख सकें।

सीमित संसाधनों में पढ़ने वाली छात्राओं को विशेष लाभ

यह सुविधा खासतौर पर उन छात्राओं के लिए उपयोगी बताई गई है जो सीमित संसाधनों में रहकर पढ़ाई कर रही हैं। डिजिटल माध्यम से उन्हें विभिन्न शैक्षिक कार्यक्रमों और विषयों से परिचित होने का अवसर मिलेगा।

अधिकारियों के अनुसार डिजिटल शिक्षा के माध्यम से छात्राओं की पढ़ाई को और बेहतर बनाने तथा उन्हें आधुनिक शैक्षिक संसाधनों से जोड़ने की दिशा में यह कदम महत्वपूर्ण है।