लखनऊ। बेसिक शिक्षा विभाग बदलते दौर में अब सोशल मीडिया पर भी अपनी पहुंच बढ़ाएगा। विभाग अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के चारों अकाउंट एक्स, फेसबुक, यू-ट्यूब व इंस्टाग्राम पर 7.5 लाख फॉलोअर्स बनाएगा। इनके माध्यम से विभाग के प्रति नकारात्मक खबरों का जवाब दिया जाएगा। साथ ही सभी प्लेटफॉर्म का मासिक लक्ष्य भी तय किया गया है।
विभाग की हाल ही में बेसिक व माध्यमिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा की अध्यक्षता में हुई बैठक में सोशल मीडिया रणनीति व डिजिटल कम्युनिकेशन की आगामी कार्ययोजना तैयार की गई। इसमें निर्देश दिया गया कि विभाग के फेसबुक व इंस्टाग्राम अकाउंट का जल्द वेरिफिकेशन पूरा किया जाए। साथ ही आधिकारिक यू-ट्यूब चैनल का प्रशासनिक एक्सेस सोशल मीडिया टीम को उपलब्ध कराया जाएगा।
महानिदेशक स्कूल शिक्षा मोनिका रानी की ओर से जारी कार्यवृत्त में कहा गया है कि सोशल मीडिया टीम विभाग से संबंधित नकारात्मक, भ्रामक खबरों व पोस्ट को चिन्हित कर उनका विश्लेषण करते हुए तत्काल काउंटर करेगी।
अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर 7.5 लाख फॉलोअर्स बनाने का लक्ष्य
विभाग के अच्छे कार्यों व शैक्षिक वीडियो का प्रचार-प्रसार करेगा विभाग।
शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) द्वारा उद्गम के अंतर्गत उपलब्ध कराए गए वीडियो का भी सोशल मीडिया पर प्रयोग होगा। वीडियो से रील, शॉर्ट वीडियो व अन्य सोशल मीडिया कंटेंट तैयार कर नियमित रूप से सभी प्लेटफॉर्म पर पोस्ट किए जाएंगे।
हर जिले के एक एसआरजी को नोडल नामित करते हुए एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाया जाएगा।
सपा-आप लगातार कर रही हमला
प्रदेश में बेसिक शिक्षा विभाग की कमियों को लेकर समाजवादी पार्टी व आम आदमी पार्टी लगातार हमलावर हैं। सपा की ओर से सीतापुर व कुछ अन्य जिलों में मिड-डे मील में कमियों का मुद्दा उठाया गया है। वहीं आप सांसद संजय सिंह ने खुद सुल्तानपुर के स्कूल का लाइव कर वहां की हालत बताई थी।

